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Hindi News NCRगुरुग्राम में 23 में से 21 प्रत्याशियों की जमानत जब्त, फाजिलपुरिया का कैसा रहा हाल

गुरुग्राम में 23 में से 21 प्रत्याशियों की जमानत जब्त, फाजिलपुरिया का कैसा रहा हाल

गुरुग्राम लोकसभा सीट पर इस बार चुनाव लड़ने वाले 23 में से 21 प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई। भाजपा और कांग्रेस को छोड़कर शेष प्रत्याशियों को वोट फीसदी का छटा भाग नहीं मिल सका।

गुरुग्राम में 23 में से 21 प्रत्याशियों की जमानत जब्त, फाजिलपुरिया का कैसा रहा हाल
Praveen Sharmaगुरुग्राम। हिन्दुस्तानWed, 05 Jun 2024 05:19 PM
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गुरुग्राम लोकसभा सीट पर इस बार चुनाव लड़ने वाले 23 में से 21 प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई। भाजपा और कांग्रेस को छोड़कर शेष प्रत्याशियों को वोट फीसदी का छटा भाग नहीं मिल सका। भाजपा प्रत्याशी की जीत के सामने कांग्रेस को छोड़कर शेष सभी उम्मीदवार धराशायी हो गए। शुरुआती रुझान से ही मिले झटकों के बाद बाकी प्रत्याशियों को अपनी हार का आभास हो गया था।

जमानत नहीं बचा पाने वालों में जजपा के प्रत्याशी राहुल यादव फाजिलपुरिया, बसपा से विजय खटाना, इनेलो से सोहराब खान, सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया से अनवर, भारतीय शक्ति चेतना पार्टी से आकाश व्यास, पीपल्स पार्टी ऑ़फ इंडिया-डेमोक्रेटिक से ईश्वर सिंह, स्वयं शासन पार्टी से धर्मेंद्र ठाकरान आदि शामिल रहे। इसमें नौ प्रत्याशी एक हजार वोट का आंकड़ा तक पार नहीं कर सके।

गुरुग्राम में पिछले 25 वर्षों में राव इंद्रजीत के अलावा किसी को यह सीट नहीं मिली। इस लोकसभा सीटों के लिए हुए तीन चुनावों का परिणाम एकतरफा ही रहा।

कब जब्त होती जमानत : लोकसभा चुनाव में गुड़गांव लोकसभा सीटों से 23 उम्मीदवार थे। विजेता और प्रतिद्वंदी उम्मीदवारों को छोड़कर कोई प्रत्याशी अपनी जमानत बचाने में कामयाब नहीं हुए। जमानत बचाने के लिए लोकसभा क्षेत्र में कुल हुए मतदान का छठा हिस्सा (करीब 16.5 प्रतिशत) वोट लेना होता है। इससे कम वोट मिलने पर प्रत्याशी की जमानत जब्त हो जाती है।

छह हजार से अधिक लोगों ने नोटा का बटन दबाया

निर्वाचन आयोग के आंकड़े इस बार काफी चौंकाने वाले रहे। गुरुग्राम लोकसभा सीट पर चुनावी मैदान में 23 प्रत्याशी उतरे थे।19 प्रत्याशियों को नोटा से भी कम वोट मिले। इनमें इनेलो के प्रत्याशी सोहराब खान भी शामिल हैं। नोटा से ज्यादा वोट लेने वालों में भाजपा, कांग्रेस, जजपा और बसपा शामिल है। नोटा को छह हजार 377 वोट मिले, जबकि साल 2019 के चुनाव में नोटा को 5389 मत मिले थे।