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Hindi News NCRअभी और बढ़ेगी दिल्लीवालों की दिक्कत, वजीराबाद प्लांट में घटा जलस्तर; सबसे ज्यादा नौकरीपेशा वाले परेशान

अभी और बढ़ेगी दिल्लीवालों की दिक्कत, वजीराबाद प्लांट में घटा जलस्तर; सबसे ज्यादा नौकरीपेशा वाले परेशान

Delhi Water Crisis: प्यासी दिल्ली के लिए परेशानी और बढ़ने वाली है। वजीराबाद जल शोधन संयंत्र में पानी घटकर महज 69 एमजीडी रह गया है। इस प्लांट से पहले 134 एमजीडी पानी सप्लाई होता था।

अभी और बढ़ेगी दिल्लीवालों की दिक्कत, वजीराबाद प्लांट में घटा जलस्तर; सबसे ज्यादा नौकरीपेशा वाले परेशान
Sneha Baluniहिन्दुस्तान,नई दिल्लीSat, 22 Jun 2024 06:22 AM
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वजीराबाद जल शोधन संयंत्र में पानी घटकर महज 69 एमजीडी रह गया है। इस प्लांट से पहले 134 एमजीडी पानी सप्लाई होता था, लेकिन अब तकरीबन 50 फीसदी आपूर्ति हो पा रही है। इसके अलावा कई अन्य प्लांट से भी पानी की आपूर्ति कम हो गई है। इसकी वजह से दिल्ली की कई कॉलोनियों में शुक्रवार को पानी का संकट और बढ़ गया है। कई इलाके ऐसे हैं, जहां लोगों ने दो दिन में एक बार पानी का टैंकर पहुंचने की शिकायत दी है।

ड्रम लेकर पहुंच रहे लोग

पानी का संकट गहराने की वजह से अब लोग टैंकर के आते ही बाल्टियों की बजाय ड्रम लेकर पहुंच रहे हैं, ताकि अगले दो दिन के लिए पानी इकट्ठा कर सके। इसकी वजह से टैंकरों के पास लोगों में पानी भरने के लिए मारामारी मच रही है। गीता कॉलोनी, संजय कैंप समेत कई इलाके ऐसे हैं जिनमें टैंकर से पानी भरने के लिए लोगों में कहासुनी और झगड़े हो रहे हैं। 

स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ दिन पहले तक रोजाना पानी का टैंकर पहुंच रहा था, इससे यह तय था कि अगले दिन पानी फिर मिल जाएगा और पानी ज्यादा इकट्ठा करने की जरूरत नहीं है। करीब एक सप्ताह से पानी के टैंकर के आने का भी भरोसा नहीं है। कभी एक दिन के अंतराल पर तो कभी दो दिन में एक बार टैंकर कॉलोनी में पहुंच रहा है। इसकी वजह से ज्यादा पानी इकट्ठा करना पड़ता है। परिवार के सभी लोग ड्रम और बाल्टियां लेकर टैंकर के इंतजार में पहले ही तय स्थान पर पहुंच जाते हैं।

नौकरीपेशा लोगों को सबसे ज्यादा परेशानी

गीता कॉलोनी निवासी इशिता ने बताया कि वह एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करतीं हैं। सुबह नौ बजे उन्हें ड्यूटी पर पहुंचना पड़ता है, लेकिन पानी की किल्लत की वजह से एक हफ्ते से समय पर ऑफिस नहीं पहुंच पा रहीं हैं। टैंकर से पानी भरने में ही 8.30 या नौ बज रहे हैं। इसके बाद तैयार होकर ऑफिस जाती हैं। उन्होंने बताया कि गर्मी और पानी के संकट की वजह से नींद भी पूरी नहीं हो पा रही है।