DA Image
हिंदी न्यूज़   ›   NCR  ›  पर्याप्त वैक्सीन है नहीं और टीके लगवाने वाली डायल ट्यून से लोगों को परेशान कर रहे: दिल्ली हाई कोर्ट

एनसीआरपर्याप्त वैक्सीन है नहीं और टीके लगवाने वाली डायल ट्यून से लोगों को परेशान कर रहे: दिल्ली हाई कोर्ट

प्रमुख संवाददाता,नई दिल्लीPublished By: Priyanka
Thu, 13 May 2021 09:38 PM
पर्याप्त वैक्सीन है नहीं और टीके लगवाने वाली डायल ट्यून से लोगों को परेशान कर रहे: दिल्ली हाई कोर्ट

कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए टीका लगाने के लिए लोगों से अपील के तौर पर केंद्र सरकार द्वारा जारी ‘डायलर ट्यून’ को उच्च न्यायालय ने गुरुवार को परेशान करने वाला बताया। न्यायालय ने सरकार से कहा कि जब आपके पास पर्याप्त मात्रा में टीका उपलब्ध नहीं है तो आप कब तक इस डायलर ट्यून के संदेश के जरिए लोगों को परेशान करेंगे।

जस्टिस विपिन सांघी और रेखा पल्ली की पीठ ने टीके की कमी पर सवाल उठाते हुए यह टिप्पणी की। पीठ ने कि किसी को कॉल किए जाने पर पहले लंबा सा यह संदेश चलाया जाता है। पीठ ने कहा कि हमें नहीं पता, यह कितना लंबा चलेगा, खासकर तब जब आपके (सरकार) पास टीका नहीं है। न्यायालय से सरकार से कहा कि आप लोगों को टीका नहीं लगा रहे हैं, काफी संख्या में लोग इसके लिए इंतजार कर कर रहे हैं, बावजूद इसके आप कह रहे हैं कि टीके लगवाइए। उच्च न्यायालय ने कहा कि जब टीका है ही नहीं तो कौन लगवाएगा। साथ ही कहा कि ऐसे में डालयर ट्यून के जरिए टीका लगाने के लिए किए जा रहे अपील का क्या महत्व रह जाएगा।

उच्च न्यायालय ने सरकार से कहा कि आपको हर व्यक्ति का टीकाकरण करना चाहिए। भले ही आप इसके कुछ पैसे ले लीजिए, लेकिन टीका सभी को लगने चाहिए। न्यायालय ने कहा कि सरकार को ऐसे मामलों में इनोवेटिव होकर सोचने की जरूरत है। पीठ ने कहा कि सरकार को वैक्सीन के लिए अपील वाला संदेश हमेशा चलाने के बजाए, ऐसे संदेश बनाने जो टेप की तरह स्वयं बंद हो जाए। साथ ही सरकार से सवाल किया कि ‘क्या आप इस संदेश को 10 साल तक चलाएंगे।’

उच्च न्यायालय ने केंद्र व दिल्ली सरकार से कहा कि आपको अलग-अलग संदेश तैयार करने चाहिए, जब लोग अलग-अलग संदेश सुनेगा तो यह उसकी मदद होगी। पीठ ने कहा कि पिछले साल आपने (सरकार) नियमित रूप से हाथ धोने और मास्क पहनने को लेकर काफी प्रचार और प्रसार हुआ था और अब ऑक्सीजन, कंसंट्रेटर, दवाओं आदि के इस्तेमाल पर इसी तरह की ऑडियो-विजुअल पहल होनी चाहिए। पीठ ने कहा कि समय तेजी से बीत रहा है।

उच्च न्यायालय ने सरकार से लोगों को ऑक्सीजन कंसंट्रेटर और सिलिंडरों के उपयोग के बारे में जागरूक करने या टीकाकरण के लिए प्रेरित करने के लिए टीवी एंकर की मदद से एक छोटा सा आडियो-वीडियो संदेश तैयार करने चाहिए। साथ ही, बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन जैसे सेलेब्रिटीज से भी सहायता लने पर विचार करने को कहा है। साथ ही इस बारे में सरकार को 18 मई तक रिपोर्ट पेश करने कहा है।

संबंधित खबरें