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बिजली बिल जीरो, हर महीने 700-900 की कमाई; केजरीवाल सरकार की सोलर नीति के क्या-क्या फायदे

दिल्ली की अरविंद केजरीवाल सरकार ने नई सौर ऊर्जा नीति 2024 को मंजूरी दे दी है। जिसमें दावा किया गया है कि आवासीय इलाके में रहने वाले बिजली उपभोक्ताओं का बिल जीरो आएगा।

बिजली बिल जीरो, हर महीने 700-900 की कमाई; केजरीवाल सरकार की सोलर नीति के क्या-क्या फायदे
Sneha Baluniहिन्दुस्तान,नई दिल्लीTue, 30 Jan 2024 06:30 AM
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दिल्ली सरकार की कैबिनेट ने नई सौर ऊर्जा नीति 2024 को मंजूरी देते हुए दिल्ली के आवासीय इलाके में रहने वाले बिजली उपभोक्ताओं का बिल जीरो करने का दावा किया है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि नई नीति में 400 यूनिट तक बिजली खर्च करने वाले उपभोक्ताओं का बिल जीरो हो जाएगा। उन्होंने दावा किया है कि सौर ऊर्जा नीति के तहत घर की छत पर सोलर पैनल लगाने वालों को 700 से 900 रुपये की प्रतिमाह कमाई होगी।

दिल्ली सचिवालय में पत्रकारवार्ता में केजरीवाल ने कहा कि सौर ऊर्जा नीति की बुनियाद 2016 में रखी गई थी। उसी का असर है कि आज दिल्ली में 1500 मेगावाट सौर ऊर्जा का प्रयोग हो रहा है। उसमें 250 मेगावाट बिजली का उत्पादन खुद दिल्लीवालों ने घरों की छत पर सोलर पैनल लगाकर किया है, जबकि 1250 मेगावाट सौर ऊर्जा बाहर से खरीदी जा रही है। नई ऊर्जा नीति में आवासीय क्षेत्र में रहने वाले उपभोक्ताओं का बिजली बिल जीरो हो जाएगा, जबकि व्यावसायिक और इंडस्ट्रीयल उपभोक्ताओं का बिजली का बिल भी आधा हो जाएगा।

हर माह भुगतान की सुविधा मिलेगी

नई सौर ऊर्जा नीति 2024 में छतों पर सोलर पैनल लगाने को उत्साहित करने के लिए कई तरह की छूट भी दी है, जिसमें पहला उत्पादन आधारित इंसेंटिव के लिए सालाना न्यूनतम 1100 यूनिट सौर ऊर्जा उत्पादन की अनिवार्यता को खत्म किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब सोलर पैनल लगाकर सौर ऊर्जा उत्पादन करने वालों को हर माह भुगतान किया जाएगा। इससे उपभोक्ताओं को 700 से लेकर 900 रुपये तक की आमदनी होगी।

पांच साल तक रुपये देती रहेगी सरकार

केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली सरकार सौर ऊर्जा नीति 2024 के वित्तीय लाभ दे रही है। अगर आप तीन किलोवाट क्षमता का सोलर पैनल लगवाते हैं तो उससे पैदा होने वाली बिजली पर दिल्ली सरकार आपके बैंक खाते में तीन रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से जमा करेगी। अगर तीन से 10 किलोवाट क्षमता के सोलर पैनल लगवाते हैं तो 2 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से पैसा जमा कराया जाएगा। दिल्ली सरकार पांच साल तक यह सौर ऊर्जा उत्पादन आधारित पैसा देती रहेगी।

4500 मेगावाट तक उत्पादन बढ़ने का दावा

मुख्यमंत्री ने कहा है कि नई सौर ऊर्जा नीति के तहत हमें उम्मीद है कि दिल्ली में 2027 तक सौर ऊर्जा का उत्पादन 4500 मेगावाट तक पहुंच जाएगा। इसमें से 750 मेगावाट क्षमता के सोलर पैनल छत के उपर लगाए जाएंगे, जबकि 3750 मेगावाट डिस्कॉम (बिजली कंपनी) बाहर से खरीदेंगी। छत पर सोलर पैनल लगाने वालों को सरकार की तरफ से 2000 रुपये प्रति किलोवाट के हिसाब से सब्सिडी देगी जो कि अधिकमत 10 हजार रुपये तक होगी।

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