ट्रेंडिंग न्यूज़

Hindi News NCRChhath Puja: दिल्ली में बनेंगे 400 से ज्यादा आर्टिफिशियल तालाब, क्या है छठ की तैयारी; सौरभ भारद्वाज ने बताया प्लान

Chhath Puja: दिल्ली में बनेंगे 400 से ज्यादा आर्टिफिशियल तालाब, क्या है छठ की तैयारी; सौरभ भारद्वाज ने बताया प्लान

दिल्ली नगर निगम के तीन हजार से अधिक कर्मचारी सफाई व्यवस्था के साथ अन्य बुनियादी सुविधाओं का काम संभालेंगे। इसके अलावा निगम की टीमें दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर काम करेंगी।

Chhath Puja: दिल्ली में बनेंगे 400 से ज्यादा आर्टिफिशियल तालाब, क्या है छठ की तैयारी; सौरभ भारद्वाज ने बताया प्लान
Swati Kumariहिंदुस्तान,नई दिल्लीTue, 14 Nov 2023 06:48 PM
ऐप पर पढ़ें

दिल्ली में छठ पूजा की तैयारियां शुरू हो गई हैं। विभिन्न जगहों पर 400 से अधिक कृत्रिम तालाब बनाए जा रहे हैं। इसके अलावा यमुना के किनारे भी कृत्रिम तालाब स्थापित होंगे। इन घाटों से मुख्य सड़क तक अच्छी रोशनी की व्यवस्था होगी। दिल्ली नगर निगम के तीन हजार से अधिक कर्मचारी सफाई व्यवस्था के साथ अन्य बुनियादी सुविधाओं का काम संभालेंगे। इसके अलावा निगम की टीमें दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर काम करेंगी। छठ पूजा के लिए निगम की ओर से हर वार्ड को 40 हजार रुपये की धनराशि आवंटित की गई है। 

लाइटों की व्यवस्था बेहतर करने के निर्देश
दिल्ली में छठ पर्व हर वर्ष शानदार तरीके से मनाया जाता है। राज्य सरकार ने भी इस संबंध में कई तैयारियां की हैं। दिल्ली में एक हजार घाट हैं। इनमें लाखों श्रद्धालु पूजा-अर्चना करते हैं। सभी घाटों में निगम के कर्मचारी तैनात रहेंगे। निगम के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दिल्ली के हर वार्ड में कृत्रिम घाट बनाए जाएंगे।

इलेक्ट्रिकल विभाग के कर्मचारियों को सभी घाटों के आसपास लाइटों की व्यवस्था बेहतर करने के लिए निर्देश दिए गए हैं। यह विभाग अन्य विभागों और एजेंसियों के साथ मिलकर काम करेगा। साथ ही, दिल्ली पुलिस की तरफ से भी सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाली जाएगी।

दिल्ली के मंत्री सौरभ भारद्वाज ने मंगलवार को कहा कि आगामी छठ पूजा के लिए राष्ट्रीय राजधानी में 900 से अधिक घाट तैयार किए गए हैं और श्रद्धालुओं को तंबू, रोशनी और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। लोक आस्था का महापर्व छठ 17 नवंबर से शुरू हो रहा है, जिसमें व्रती उपवास करती हैं और अंतिम दो दिन सूर्य देव को 'अर्घ्य' देते हैं । भारद्वाज ने बताया, 'इस साल दिल्ली सरकार ने 900 से अधिक छठ घाट तैयार किए हैं। श्रद्धालुओं के लिए तंबू, रोशनी और ध्वनि की व्यवस्था की जाएगी। हम चाहते हैं कि श्रद्धालुओं को अच्छा अनुभव हो।' उन्होंने कहा कि सभी को खुशी-खुशी सूर्य देव को अर्घ्य देना चाहिए और छठी मैया का आशीर्वाद प्राप्त करना चाहिए।
     
छठ पूजा दिवाली के छह दिन बाद मनाई जाती है, और मुख्य रूप से इसे बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश में मनाया जाता है। देश के अन्य हिस्सों अथवा विदेश में भी रहने वाले इन राज्यों के लोग इसे मनाते हैं। दिल्ली-एनसीआर में रहने वाले बड़ी संख्या में श्रद्धालु हर साल 'अर्घ्य' देने के लिए यमुना के तट पर जुटते हैं, लेकिन नदी में प्रदूषण और झाग अक्सर उनके लिए जोखिम पैदा करते हैं। इसलिए, कई परिवार इसे पार्क, बगीचों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर मनाते हैं, जहां अस्थायी 'घाट' तैयार किए जाते हैं। 
 

हिन्दुस्तान का वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें