दिल्ली में भी वोटर लिस्ट के SIR की तैयारी तेज, यहां से जुटाएं अपना पुराना रिकॉर्ड

Feb 25, 2026 06:03 am ISTPraveen Sharma हिन्दुस्तान, नई दिल्ली, राजीव शर्मा
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मतदाता सूची की त्रुटियों को दूर करने के लिए अब दिल्ली में भी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रारंभिक प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके तहत दिल्ली में रह रहे लोगों का नाम मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा, जबकि राज्य को छोड़कर जा चुके मतदाताओं के नाम हटाकर सूची को संशोधित किया जाएगा।

दिल्ली में भी वोटर लिस्ट के SIR की तैयारी तेज, यहां से जुटाएं अपना पुराना रिकॉर्ड

मतदाता सूची की त्रुटियों को दूर करने के लिए अब दिल्ली में भी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रारंभिक प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके तहत दिल्ली में रह रहे लोगों का नाम मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा, जबकि राज्य को छोड़कर जा चुके मतदाताओं के नाम हटाकर सूची को संशोधित किया जाएगा।

दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने 2002 की मतदाता सूची को आधार मानकर उनका रिकॉर्ड तैयार करने के निर्देश दिए हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने मतदाताओं से भी अपील की है कि 2002 की मतदाता सूची में अपना नाम चेक कर लें और रिकॉर्ड जुटा लें।

एसआईआर के लिए अगर बीएलओ उनके घरों पर पहुंचेंगे तो यह रिकॉर्ड उन्हें उपलब्ध कराना होगा। ऐसे लोग जिनका नाम वर्ष 2002 की मतदाता सूची में नहीं था और इसके बाद वे दिल्ली में आकर रहने लगे हैं तो उन्हें अपने पूर्व के राज्य का रिकॉर्ड बीएलओ को देना होगा।

दिल्ली में रहने वाले और 2002 के बाद मतदाता बने लोगों को अपने परिजनों का रिकॉर्ड एसआईआर के दौरान उपलब्ध कराना होगा।

दिल्ली की वर्ष 2002 की मतदाता सूची में नाम खोजने के लिए उपलब्ध लिंक-

● www.ceodelhi. gov.n/Elector Search 2002

● www.ceodalimi.g ov.in/ElectorSearchByName_2002

● www.ceodelhi.gov.in /ElectorSearchByPollingStation_2002

इस लिंक से डाउनलोड कर सकेंगे वर्ष 2002 की मतदाता सूची

● www.ceodelhi.gov.in /ElectoralRoll_2002. aspx

दिल्ली के साथ इन राज्यों में होगा एसआईआर : भारत निर्वाचन आयोग ने बीते सप्ताह जिन राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों के सीईओ को एसआईआर के लिए पत्र भेजा है उनमें दिल्ली, आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, दादर एवं नागर हवेली व दमन व दीव, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, झारखंड, लद्दाख, कर्नाटक, महाराष्ट्र, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड, दिल्ली, ओडिशा, पंजाब, सिक्किम, त्रिपुरा, तेलंगाना व उत्तराखंड शामिल है।

2002 से पहले दिल्ली में रह रहे हैं तो क्या करें

अगर आप वर्ष 2002 से पहले दिल्ली में स्थायी रूप से रह रहे हैं, तो मुख्य निर्वाचन अधिकारी, दिल्ली की वेबसाइट पर उपलब्ध 2002 की वोटर लिस्ट में अपना नाम देखें और 2002 की वोटर लिस्ट में दिए गए अपने विवरण (रिश्तेदार का नाम, राज्य का नाम, विधनसभा क्षेत्र का नाम, विधानसभा क्षेत्र का नंबर, भाग संख्या, क्रम संख्या) को अपने पास नोट कर लें।

2002 के बाद आए लोग अपने राज्य से रिकॉर्ड लें

अगर आप किसी दूसरे राज्य से आए हैं और 2002 के बाद दिल्ली में बस गए हैं तो आपका नाम दिल्ली की 2002 की वोटर लिस्ट में नहीं दिखेगा। ऐसे लोगों का नाम उनके मूल राज्य की पिछली एसआईआर की वोटर लिस्ट में दिखेगा। इसके लिए उस विशेष राज्य की सीईओ वेबसाइट पर जाएं और वर्ष 2002, 2003 या 2005 की वोटर लिस्ट (उस राज्य में आयोजित पिछली एसआईआर का वर्ष) में दिए गए अपने विवरण को नोट कर लें और बीएलओ को उपलब्ध करा दें।

विधानसभा क्षेत्रों की मैपिंग की जा रही

दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के एक अधिकारी ने बताया कि एसआईआर के लिए फिलहाल विधानसभा क्षेत्रों की मैपिंग की जा रही है। जल्द ही वृहद स्तर पर इस प्रक्रिया को शुरू किया जाएगा। साथ ही फिलहाल मतदाता सूची का बीएलओ द्वारा रुटीन अपडेशन भी किया जा रहा है।

12 राज्यों में चल रही प्रक्रिया

बिहार में एसआईआर का काम पूरा हो चुका है, जबकि अभी उत्तर प्रदेश, गुजरात, बंगाल, केरल, तमिलनाडु सहित 12 राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों में इसका काम चल रहा है। भारत निर्वाचन आयोग ने यह कदम मतदाता सूची में गड़बड़ियों को खत्म करने के लिहाज से उठाया है।

Praveen Sharma

लेखक के बारे में

Praveen Sharma
प्रवीण शर्मा लाइव हिन्दुस्तान में स्टेट टीम का हिस्सा हैं। एक दशक से भी अधिक समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सेवाएं दे रहे प्रवीण साल 2014 में डिजिटल पत्रकारिता में आने से पहले प्रिंट मीडिया में भी काम कर चुके हैं। प्रवीण ने अपने करियर की शुरुआत हरिभूमि अखबार से की थी और वर्ष 2018 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े। प्रवीण मूलरूप से उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले के निवासी हैं, लेकिन इनका जन्म और स्कूली शिक्षा दिल्ली से हुई है। हालांकि, पत्रकारिता की पढ़ाई इन्होंने हरियाणा के हिसार स्थित गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय से की है। वह दिल्ली-एनसीआर की सियासी घटनाओं के साथ ही जन सरोकार से जुड़ी सभी छोटी-बड़ी खबरों पर भी पैनी नजर रखते हैं। और पढ़ें