आंख का सॉकेट फ्रैक्चर, चेहरे पर गहरे घाव; फरीदाबाद गैंगरेप के 5 चौंकाने वाले खुलासे
गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड पर मंगलवार तड़के 25 साल की एक महिला के साथ गैंगरेप किया गया। इस दौरान उसे बेरहमी से पीटा गया और चलती कार से बाहर फेंक दिया गया। पीड़िता को एक निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है। पीड़िता की हालत गंभीर बताई जा रही है।
गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड पर मंगलवार तड़के 25 साल की एक महिला के साथ गैंगरेप किया गया। इस दौरान उसे बेरहमी से पीटा गया और चलती कार से बाहर फेंक दिया गया। पीड़िता को एक निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है। पीड़िता की हालत गंभीर बताई जा रही है और वह बयान देने की स्थिति में नहीं है।
समाचार एजेंसी पीटीआई ने पुलिस अधिकारियों के हवाले से बताया कि इस मामले में उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के दो आरोपियों को बुधवार को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया। उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस मामले से जुड़ी कुछ अहम जानकारियां:
मां से झगड़ा
पीटीआई के अनुसार, पीड़िता तीन बच्चों की मां है और पति से झगड़े के बाद अपने माता-पिता के साथ रह रही थी। टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक, मां से तीखी बहस के बाद वह घर से निकल गई थी और अपनी बहन को बताया था कि वह सेक्टर 23 में एक दोस्त के घर जा रही है।
गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड पर मंगलवार तड़के 25 साल की एक महिला के साथ गैंगरेप किया गया। इस दौरान उसे बेरहमी से पीटा गया और चलती कार से बाहर फेंक दिया गया। पीड़िता को एक निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है। पीड़िता की हालत गंभीर बताई जा रही है और वह बयान देने की स्थिति में नहीं है।
समाचार एजेंसी पीटीआई ने पुलिस अधिकारियों के हवाले से बताया कि इस मामले में उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के दो आरोपियों को बुधवार को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया। उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस मामले से जुड़ी कुछ अहम जानकारियां:
मां से झगड़ा
पीटीआई के अनुसार, पीड़िता तीन बच्चों की मां है और पति से झगड़े के बाद अपने माता-पिता के साथ रह रही थी। टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक, मां से तीखी बहस के बाद वह घर से निकल गई थी और अपनी बहन को बताया था कि वह सेक्टर 23 में एक दोस्त के घर जा रही है।
दो से तीन घंटे तक रेप किया
महिला ने घर से जल्दी निकलने की योजना बनाई थी, लेकिन उसे देर हो गई। वह आधी रात को दोस्त के घर से निकली और मेट्रो चौक के पास वाहन का इंतजार करने लगी। इसी बीच वहां एक सफेद रंग की ईको वैन पहुंची। उसमें दो लोग सवार थे। उन्होंने लिफ्ट की पेशकश की, जिसे महिला ने स्वीकार कर लिया। आरोपियों ने कथित तौर पर वाहन को गुरुग्राम-फरीदाबाद मार्ग पर एक सुनसान इलाके में ले जाकर महिला से रेप किया।
उन्होंने दो से तीन घंटे तक उसके साथ रेप किया और उसे फरीदाबाद के संजय गांधी मेमोरियल नगर के राजा चौक के पास वैन से बाहर फेंक दिया। पीटीआई ने पुलिस अधिकारियों के हवाले से बताया कि महिला को पूरी रात इधर-उधर घुमाया गया और करीब 3 बजे फरीदाबाद के राजा चौक के पास 90 किमी प्रति घंटे से अधिक की रफ्तार से चल रहे वाहन से बाहर फेंक दिया गया।
मदद की गुहार अनसुनी
महिला ने कथित तौर पर मदद के लिए गुहार लगाई, लेकिन ठंड और कोहरे के कारण सड़कों पर ट्रैफिक कम होने से उसकी गुहार अनसुनी रह गई। चलती गाड़ी से बाहर फेंके जाने और बुरी तरह खून बहने के बाद उसने किसी तरह अपनी बहन को फोन किया। बहन तुरंत मौके पर पहुंची और उसे बादशाह खान सिविल अस्पताल ले गई। गंभीर चोटों को देखते हुए अस्पताल ने उसे इलाज के लिए दिल्ली ले जाने की सलाह दी। हालांकि, उसे फरीदाबाद के ही एक अन्य निजी अस्पताल में ले जाया गया।
पीड़िता को गंभीर चोटें आई हैं
डॉक्टरों ने बताया कि उसे चेहरे की हड्डियों में फ्रैक्चर और कंधे में डिसलोकेशन सहित कई गंभीर चोटें आई हैं। उसका इलाज कर रहे डॉ. अमित यादव ने एचटी को बताया कि उसके चेहरे पर सूजन है और आंख के सॉकेट में फ्रैक्चर है। उन्होंने कहा कि हम उसके कंधे के फ्रैक्चर और डिसलोकेशन के लिए ऑपरेशन की योजना बना रहे हैं। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने डॉक्टरों के हवाले से बताया कि पीड़िता की दाहिनी आंख के सॉकेट में फ्रैक्चर, कंधे में फ्रैक्चर और डिसलोकेशन के साथ ही चेहरे पर दो गहरे घाव हैं, जिनमें 20 से अधिक टांके लगे हैं।
रेप का विरोध करने पर लगी चोटें
मामले से जुड़े अधिकारियों ने नाम न बताने की शर्त पर एचटी को बताया कि पीड़िता ने रेप का विरोध किया, जिसके कारण उस पर हिंसक हमला हुआ। अधिकारी ने कहा कि ज्यादातर चोटें रेप का विरोध करने पर हुए शारीरिक हमले और चलती वैन से बाहर फेंके जाने के कारण लगीं। फरीदाबाद पुलिस के पीआरओ यशपाल यादव ने बताया कि पीड़िता की हालत गंभीर बनी हुई है, लेकिन फिलहाल वह खतरे से बाहर है।
ये दो आरोपी कौन हैं?
मंगलवार को 25 से 30 साल की आयु के दो संदिग्धों को पकड़ा गया और बाद में उन्हें औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया। क्राइम ब्रांच ने अपराध में इस्तेमाल की गई ईको वैन बरामद कर ली है और वाहन, पीड़ित और आरोपियों से फोरेंसिक नमूने इकट्ठा किए गए हैं। पुलिस पीड़िता के अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद पहचान परेड कराने की योजना बना रही है। पीड़िता की बहन के बयान के आधार पर मंगलवार को कोतवाली थाने में गैंगरेप का मामला दर्ज किया गया।

लेखक के बारे में
Subodh Kumar Mishraसुबोध कुमार मिश्रा पिछले 19 साल से हिंदी पत्रकारिता में योगदान दे रहे हैं। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' में स्टेट डेस्क पर बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। दूरदर्शन के 'डीडी न्यूज' से इंटर्नशिप करने वाले सुबोध ने पत्रकारिता की विधिवत शुरुआत 2007 में दैनिक जागरण अखबार से की। दैनिक जागरण के जम्मू एडीशन में बतौर ट्रेनी प्रवेश किया और सब एडिटर तक का पांच साल का सफर पूरा किया। इस दौरान जम्मू-कश्मीर को बहुत ही करीब से देखने और समझने का मौका मिला। दैनिक जागरण से आगे के सफर में कई अखबारों में काम किया। इनमें दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित होने वाली नेशनल दुनिया, नवोदय टाइम्स (पंजाब केसरी ग्रुप), अमर उजाला और हिन्दुस्तान जैसे हिंदी अखबार शामिल हैं। अखबारों के इस लंबे सफर में खबरों को पेश करने के तरीकों से पड़ने वाले प्रभावों को काफी बारीकी से समझने का मौका मिला।
ज्यादातर नेशनल और स्टेट डेस्क पर काम करने का अवसर मिलने के कारण राजनीतिक और सामाजिक विषयों से जुड़ी खबरों में दिलचस्पी बढ़ती गई। कई लोकसभा और विधानसभा चुनावों की खबरों की पैकेजिंग टीम का हिस्सा रहने के कारण भारतीय राजनीति के गुणा-भाग को समझने का मौका मिला।
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