अंबेडकर यूनिवर्सिटी दिल्ली छात्र परिषद चुनाव में SFI फिर जीती, 2018 से लगातार
एसएफआई ने लगातार पांचवीं बार अंबेडकर यूनिवर्सिटी दिल्ली छात्र परिषद चुनाव जीता है। 2018 से एसएफआई लगातार चुनाव जीत रही है।

दिल्ली की अंबेडकर यूनिवर्सिटी दिल्ली छात्र परिषद चुनाव 2026 में स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) ने एक बार फिर शानदार जीत दर्ज करते हुए अपनी पकड़ मजबूत कर ली है। एसएफआई इस चुनाव में सबसे बड़ी छात्र संगठन बनकर उभरी है और अलग-अलग कैंपस में कुल 21 सीटें जीतकर स्पष्ट बढ़त हासिल की है।
कश्मीरी गेट कैंपस में एसएफआई को 25 सदस्यीय परिषद में 13 काउंसलर का समर्थन मिला, जिससे उसे स्पष्ट बहुमत मिल गया। वहीं, करमपुरा कैंपस में एसएफआई ने 7 में से 5 सीटें जीतकर दमदार प्रदर्शन किया, जबकि कई सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी चुनाव लड़ा। लोदी रोड कैंपस में भी एसएफआई ने 4 में से 3 सीटों पर जीत दर्ज की। कुल मिलाकर तीनों कैंपस में एसएफआई ने मजबूती से अपनी स्थिति कायम रखी और अन्य छात्र संगठनों से काफी आगे रही।
2018 से एसएफआई लगातार जीत रहा चुनाव
इस चुनाव में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन समेत अन्य छात्र संगठनों को पीछे छोड़ते हुए एसएफआई ने दबदबा बनाए रखा। खास बात यह है कि 2018 में छात्रसंघ चुनाव शुरू होने के बाद से ही एसएफआई लगातार हर चुनाव में जीत हासिल करती आ रही है।
यह जीत ऐसे समय में आई है जब एसएफआई ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर छात्र विरोधी नीतियों का आरोप लगाया था। संगठन का कहना है कि पिछले वर्ष प्रशासन ने एसएफआई के 8 नेताओं को निष्कासित कर दिया था, जिसमें छात्र परिषद के निर्वाचित ट्रेजरर और एक काउंसलर भी शामिल थे। इसके अलावा शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों को “आतंकवादी” तक कहे जाने का आरोप भी लगाया गया था।
एसएफआई ने इस जीत को छात्रों की आवाज और उनके मुद्दों की जीत बताया है। संगठन ने कहा है कि वह आगे भी सुलभ, लोकतांत्रिक और समान शिक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगा और कैंपस में किसी भी तरह के दमन, भेदभाव और वैचारिक दबाव के खिलाफ आवाज उठाता रहेगा।
लेखक के बारे में
Gaurav Kalaगौरव काला: वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम सदस्य
संक्षिप्त विवरण: गौरव काला पिछले 15 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान में स्टेट टीम का हिस्सा हैं। वह विशेष रूप से हिमालयी राज्य उत्तराखंड के अलावा, दिल्ली-एनसीआर, मध्यप्रदेश, झारखंड समेत कई हिंदी बेल्ट के राज्यों की खबरें कवर कर रहे हैं।
विस्तृत बायो
परिचय और अनुभव: गौरव काला का भारतीय डिजिटल मीडिया जगत में एक दशक से अधिक का अनुभव है। वह वर्ष 2011 से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में, वह 'लाइव हिन्दुस्तान' (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में स्टेट टीम सेक्शन का हिस्सा हैं। पिछले पांच वर्षों से वह पहले होम टीम का हिस्सा रहे और अब बड़ी बखूबी से स्टेट टीम में अपनी जिम्मेदारी को निभा रहे हैं। उन्हें डिजिटल पाठकों की पसंद और बदलती प्रवृत्तियों (Trends) को समझने में विशिष्ट महारत हासिल है। गौरव का करियर प्रिंट मीडिया से शुरू होकर टीवी जगत और डिजिटल मीडिया तक फैला हुआ है। यही वजह है कि उनकी खबरों में गहराई और सटीकता की झलक दिखती है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि और रिपोर्टिंग: गौरव मॉस कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट हैं और यही उनकी सबसे बड़ी विशेषता है। पहले बी. ए. इन मॉस कम्यूनिकेशन और फिर आधुनिक पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन होने के कारण उनके पास खबरों की ठोस समझ है। 2011 में दैनिक जनवाणी अखबार में क्राइम रिपोर्टिंग से पत्रकारिता शुरू करने के बाद उन्होंने ईटीवी भारत में बतौर एंकर और स्क्रिप्ट राइटर पर तौर पर काम किया। 2015 में डिजिटल पत्रकारिता में एंट्री लेते हुए अमर उजाला और दैनिक जागरण जैसे संस्थानों में काम किया। इस दौरान उन्होंने न सिर्फ राष्ट्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय खबरों को भी कवर किया, बल्कि आकर्षक लेखनी से पाठकों के बीच लोकप्रियता बनाई।
सितंबर 2021 में गौरव लाइव हिन्दुस्तान की नेशनल टीम के साथ जुड़े। तब से वह न सिर्फ राष्ट्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय, वायरल समाचार और मौसम संबंधी खबरों पर विशेष ध्यान दे रहे हैं, बल्कि राजनीतिक, रिसर्च बेस स्टोरीज भी कवर कर रहे हैं। अपनी मजबूत लेखनी के दम पर वह खबरों को आकर्षक नए कलेवर के साथ आम जनता तक पहुंचा रहे हैं।
डिजिटल ट्रेंड्स के साथ रिपोर्टिंग: डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बदलते ट्रेंड्स को समझना गौरव की बड़ी ताकत है। वायरल खबरों, सोशल मीडिया ट्रेंड्स और इंटरनेट कल्चर से जुड़े विषयों को वह तथ्यात्मक जांच और संतुलित प्रस्तुति के साथ सामने रखते हैं। उनकी यही क्षमता उन्हें क्लिक-बेस्ड नहीं, बल्कि कंटेंट-बेस्ड पत्रकार बनाती है। इसके अलावा वह राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय राजनीति से जुड़े मुद्दों को तथ्यात्मक गहराई और संतुलित दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करते हैं।
पत्रकारिता का उद्देश्य: गौरव के लिए पत्रकारिता केवल खबर देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी है। उनका मानना है कि पत्रकारिता का मूल उद्देश्य सत्य और जनहित को प्राथमिकता देते हुए पाठकों तक सही जानकारी पहुंचाना है। वह अपनी लेखनी से सत्ता, समाज और आम जनता के बीच एक मजबूत और भरोसेमंद सेतु बनाने में विश्वास रखते हैं।
विशेषज्ञता (Areas of Expertise):
राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय समाचार
वायरल और ट्रेंडिंग कंटेंट
राजनीतिक और रिसर्च-आधारित स्टोरीज
हेडलाइन और न्यूज़ प्रेजेंटेशन


