केजरीवाल की पार्टी खत्म हो जाएगी; AAP के ही पुराने साथी की 'भविष्यवाणी', राघव चड्ढा वाली बगावत पर भी बोले
आम आदमी पार्टी के संस्थापक सदस्यों में शामिल रहे प्रशांत भूषण ने कहा कि वह अरविंद केजरीवाल की पार्टी का अच्छा राजनीतिक भविष्य नहीं देख रहे हैं और यह धीरे-धीरे खत्म हो जाएगी। बगावत को लेकर कहा कि पैसे लेकर टिकट देने पर यही होगा।

आम आदमी पार्टी (आप) के पूर्व नेता और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण का मानना है कि अरविंद केजरीवाल की पार्टी का भविष्य अच्छा नहीं है और यह दल धीरे-धीरे खत्म हो जाएगा। राघव चड्ढा समेत 7 राज्यसभा सांसदों की ओर से की गई बगावत से जुड़े सवाल के जवाब में 'आप' के संस्थापक सदस्य रहे भूषण ने यह टिप्पणी की। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी ने पैसे लेकर राज्यसभा के टिकट बांटे थे और भाजपा ने उन सांसदों की कमजोर नब्ज को पकड़ लिया था।
प्रशांत भूषण ने एक यूट्यूब चैनल को दिए इंटरव्यू में अरविंद केजरीवाल और अन्ना हजारे के साथ अपने जुड़ाव और 'आप' से हुए अलगाव को भी याद किया। उन्होंने बताया कि किस तरह अरविंद केजरीवाल ने पार्टियों की नीतियों को खत्म कर दिया और अपने ही नेताओं पर झूठे आरोप लगाकर उन्हें दरकिनार कर दिया गया। भूषण ने यह भी आरोप लगाया कि टिकट बंटवारे में भी गड़बड़ी होने लगी और इसी वजह से उनका झगड़ा हुआ था।
भूषण ने कहा, 'आम आदमी पार्टी में आम वॉलंटियर्स का एक मंच बना तो उन्हें लगा कि बगावत हो रही है। अरविंद ने एक घटना साजिश की और उसके नेता को बदनाम करने के लिए उसके नाम से मैसेज चलवा दिया कि हमें भाजपा जॉइन कर लेनी चाहिए। फिर उसने कहा कि यह गद्दार हो गया और उसे सस्पेंड कर दिया। मैंने अरविंद केजरीावल से कहा कि इसकी जांच करा लो तो उन्होंने कहा कि हम क्यों जांच करवाएं। हमने किसी पुलिस से संपर्क करके जांच करवाई तो पता चला कि अरविंद केजरीवाल के ही आदमी ने मैसेज भेजा था। पार्टी में पारदर्शिता खत्म कर दी, आंतरिक लोकपाल हटा दिया। सारे आदर्श खत्म कर दिए और बी क्लास पॉलिटिकल पार्टी बना दी। हमारा झगड़ा मुख्यतौर पर कैंडिडेट लिस्ट पर हुआ था। मैंने एक दो उम्मीदवारों को छोड़कर किसी के लिए प्रचार नहीं किया।'
पैसे लेकर टिकट देंगे तो यह सब होगा: प्रशांत भूषण
भूषण से राघव चड्ढा की अगुआई में हुई बगावत का जिक्र करते हुए आम आदमी पार्टी के भविष्य को लेकर सवाल किया तो उन्होंने कहा कि धीरे-धीरे यह खत्म हो जाएगी। उन्होंने पैसे लेकर राज्यसभा टिकट बेचने का आरोप भी जड़ा। प्रशांत भूषण ने किसी का नाम लिए बगैर कहा, ‘आमतौर पर मुझे नहीं लगता कि आम आदमी पार्टी का कोई लंबा चौड़ा पॉलिटिकल फ्यूचर है। क्योंकि जब आप इस तरह की चीजें करेंगे जो आपने राज्यसभा के टिकट बेच दिए, ऐसे लोगों को टिकट दे दिए जिन्हें ब्लैकमेल किया जा सकता है।’
उन्होंने आगे कहा, 'भाजपा ने क्या किया, जो राज्यसभा के सांसद बगावत कर गए और कह रहे हैं कि अलग हो गए या विलय कर लिया भाजपा से, वो सारे ब्लैकमेल के आधार पर गए। भाजपा ने उनकी कमजोर नब्ज पकड़ ली। इसने यह बेईमान की, इसने ये बेईमान करी है। इस पर हम ईडी का ये जोर लगा सकते हैं। आप यदि ऐसे लोगों को राज्यसभा में ला रहे हैं जिनकी कमजोर नब्ज है, जिन्होंने कोई बेईमानी की है और आप पैसा लेकर राज्यसभा टिकट दे रहे हैं तो स्वभाविक रूप से यह सब होगा। मुझे नहीं लगता कि लंबे समय तक ये आम आदमी पार्टी ज्यादा चल पाएगी। धीरे-धीरे वॉइंड-अप (बोरिया बिस्तर बंध जाएगा) हो जाएगा।'


