ड्यूटी से लौट रहे पुलिस वाले को बेहोश होने तक पीटा, फोन भी छीनकर तोड़कर दिया

हिन्दुस्तान, गाजियाबाद
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गाजियाबाद में ड्यूटी से लौट रहे एक पुलिसकर्मी को कुछ लोगों ने पीट-पीटकर बेहोश कर दिया। आरोपियों ने उसका मोबाइल फोन भी छीनकर तोड़ दिया। पुलिस ने 15 अज्ञात हमलावरों के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

गाजियाबाद पुलिस।
गाजियाबाद पुलिस।

गाजियाबाद के कविनगर थानाक्षेत्र में कार में टक्कर मारने के आरोप लगाकर पुलिसकर्मी की बेरहमी से पिटाई करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक महिला ने फोन कर 10-15 युवकों को बुला लिया, जिन्होंने पुलिसकर्मी पर लाठी-डंडों से तब तक पीटा, जब तक बेहोश नहीं हो गया। साथ ही फोन भी तोड़ दिया। पीड़ित के भाई की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज किया है।

गोविंदपुरम के कृष्णा एन्क्लेव निवासी रजत गौतम ने कविनगर थाने में शिकायत देकर बताया कि उनके बड़े भाई सचिन गौतम यूपी पुलिस में सिपाही हैं। चार अगस्त की रात करीब साढ़े नौ बजे ड्यूटी के बाद कार से घर लौट रहे थे। वह भगत सिंह चौक से कैलाशपुरम होते हुए पीपल वाली गली के पास पहुंचे। इसी दौरान सामने से आ रही कार को चला रही शैली चौधरी ने अचानक कार रोक दी। शैली ने सचिन पर अपनी कार में टक्कर मारने का आरोप लगाया।

आरोप है कि शैली ने गाली-गलौज शुरू कर दी और फोन कर अपने साथियों को मौके पर बुला लिया। कुछ ही देर में कार से चार-पांच युवक मौके पर पहुंच गए। इसके अलावा 10-15 अन्य युवक भी वहां इकट्ठा हो गए। आरोपियों ने सचिन का मोबाइल फोन छीनकर तोड़ दिया। रजत का कहना है कि भाई का फोन आने के बाद वह तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। उस समय शैली, हर्ष और करीब 10-15 युवक मौके पर मौजूद थे। सचिन गंभीर हालत में सड़क पर पड़ा था। इसी बीच शैली की सूचना पर पीआरवी मौके पर पहुंची। उनके भाई को पहले गोविंदपुरम चौकी ले जाया गया। इसके बाद सचिन को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। मारपीट में सचिन को काफी चोटें आई हैं।

बेहोश होने तक मारपीट

रजत के मुताबिक इसके बाद शैली के इशारे पर युवकों सचिन पर लाठी-डंडों और रॉड से हमला कर दिया। सचिन ने खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए मारपीट न करने की गुहार लगाई, लेकिन आरोपी नहीं रुके। आरोप है कि हमलावरों ने ये कहा कि पुलिस वाले को गोली मारकर यहीं फेंक दो। लगातार हमले के कारण सचिन घायल हो गया और कुछ देर बाद बेहोश होकर सड़क पर गिर पड़ा।

15 अज्ञात हमलावरों के खिलाफ केस

कविनगर के एसीपी सिद्धार्थ गौतम ने बताया कि 10 अगस्त को शैली चौधरी, हर्ष चौधरी तथा 15 अज्ञात हमलावरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी खंगाले जा रहे हैं। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।

Subodh Kumar Mishra

लेखक के बारे में

Subodh Kumar Mishra

सुबोध कुमार मिश्रा पिछले 19 साल से हिंदी पत्रकारिता में योगदान दे रहे हैं। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' में स्टेट डेस्क पर बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। दूरदर्शन के 'डीडी न्यूज' से इंटर्नशिप करने वाले सुबोध ने पत्रकारिता की विधिवत शुरुआत 2007 में दैनिक जागरण अखबार से की। दैनिक जागरण के जम्मू एडीशन में बतौर ट्रेनी प्रवेश किया और सब एडिटर तक का पांच साल का सफर पूरा किया। इस दौरान जम्मू-कश्मीर को बहुत ही करीब से देखने और समझने का मौका मिला। दैनिक जागरण से आगे के सफर में कई अखबारों में काम किया। इनमें दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित होने वाली नेशनल दुनिया, नवोदय टाइम्स (पंजाब केसरी ग्रुप), अमर उजाला और हिन्दुस्तान जैसे हिंदी अखबार शामिल हैं। अखबारों के इस लंबे सफर में खबरों को पेश करने के तरीकों से पड़ने वाले प्रभावों को काफी बारीकी से समझने का मौका मिला।

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