
अमेरिका जाना चाहते थे युवराज, जल्द शादी का था प्लान... दोस्त ने क्या-क्या बताया
नोएडा में जान गंवाने वाले इंजीनियर युवराज अपने पिता को लेकर यूके में बसना चाहते थे, लेकिन पिता भारत में उनकी शादी की तैयारी कर रहे थे। अब इकलौते बेटे की मौत से बुजुर्ग पिता का भविष्य अंधकारमय हो गया है।
इंजीनियर युवराज पिता के बुढ़ापे का सहारा थे। वह पिता को साथ लेकर बहन के पास अमेरिका (यूके) में शिफ्ट होना चाहते थे। युवराज के पिता विदेश जाने से मना करते थे। पिता बेटे की शादी की तैयारी में जुटे थे। नौजवान बेटे की मौत से पिता को गहरा सदमा लगा है।
दोस्त ने बताईं कई बातें
इंजीनियर युवराज के एक जिगरी दोस्त पंकज ने यह सब बातें ‘हिंदुस्तान’ के साथ साझा की है। दिल्ली के बसंत कुंज में रहने वाले पंकज कुमार फिलहाल दोस्त युवराज के पिता के साथ रह रहे हैं। पंकज पहले युवराज के साथ उनकी कंपनी में ही काम करते थे, फिलहाल पंकज गुरुग्राम की एक दूसरी कंपनी में काम करते हैं। पंकज ने बताया कि युवराज काफी होनहार थे। उन दोनों की अच्छी दोस्ती थी। युवराज अक्सर बहन के पास यूके में शिफ्ट होने की बात करता था। वह पिता को साथ लेकर जाना चाहता था। बैंक से रिटायर्ड युवराज के पिता राजकुमार मेहता ने करीब डेढ़ साल पहले टाटा यूरेका सोसाइटी में फ्लैट खरीदा था। इसके बाद से दोनों पिता-पुत्र सोसाइटी में रह रहे थे। युवराज की मां की करीब दो साल पहले बीमारी के चलते मौत हो गई थी। दोस्त ने बताया कि युवराज अपने पिता को साथ लेकर यूके में रहना चाहते थे। लेकिन, उनके पिता विदेश जाने से मना करते। पिता युवराज की शादी की तैयारी में जुटे हुए थे।
जल्द ही करने वाले थे शादी
वह जल्द ही युवराज की भारत में हिंदू रीति रिवाज से शादी करना चाहते थे। पिता के अकेले होने की वजह से युवराज दोस्तों के साथ बाहर घूमने-फिरने के लिए भी नहीं जाता था।
घटना के बाद से टूट गए पिता
पंकज ने बताया कि पिता-पुत्र अक्सर एक साथ खाना खाते थे। घटना के दिन पिता ने बेटे को फोन किया था। युवराज ने उसे दिन देरी से आने की बात कही थी। हालांकि, इसके बावजूद भी पिता बेटे के आने का इंतजार कर रहे थे। अचानक से युवराज ने पिता को फोन करके बताया कि उनकी कार नाले में गिर गई है। उसने पिता से मदद मांगी। पिता मदद के लिए मौके पर पहुंचे। पिता को लगा कि सरकारी सिस्टम बेटे को बचा लेगा। लेकिन सिस्टम के आगे बेटा जिंदगी की जंग हार गया। इस घटना के बाद से वह काफी टूट गए हैं।





