नोएडा एयरपोर्ट एक्सप्रेसवे के यमुना पुल के निर्माण पर विवाद, मंत्री ने दिए जांच के आदेश
हरियाणा के उद्योग मंत्री राव नरबीर सिंह की अध्यक्षता में हुई ग्रीवेंस कमेटी की बैठक में नोएडा एयरपोर्ट ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के यमुना पुल का मामला गरमाया।
नोएडा एयरपोर्ट मार्ग ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के यमुना पुल के निर्माण पर सवाल खड़े हो गए हैं। उद्योग मंत्री राव नरबीर सिंह की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई ग्रीवेंस कमेटी में यह मामला उठा। उन्होंने मामले की जांच के लिए एसडीएम बल्लभगढ़ की अध्यक्षता में कमेटी गठित करने के आदेश दिए हैं। मंत्री के सामने 18 शिकायतें आई, जिनमें 16 का मौके पर समाधान कर दिया।
किसानों ने जमीन सुरक्षा को लेकर आपत्ति जताई
बैठक में दो गांवों के किसानों ने अपनी जमीन की सुरक्षा को लेकर आपत्ति जताई। किसानों ने समस्या का समाधान नहीं होने तक संबंधित पुल का निर्माण रुकवाने की चेतावनी दी है। गांव मोहना और महियापुर के किसानों ने मंत्री को बताया कि जेवर एयरपोर्ट के लिए ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के रूप में मार्ग बनाया जा रहा है। इसका एक पुल यमुना पर बनाया जा रहा है। किसानों का कहना है कि ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के लिए बनाए जा रहे इस पुल के बांध में दोनों ओर भारी मात्रा में मिट्टी डाली जा रही है, जिससे सैकड़ों एकड़ कृषि भूमि प्रभावित हो रही है। किसानों के अनुसार पुल के उत्तर दिशा में बनाए जा रहे बांध से पानी का बहाव रुक गया है, जिससे खेतों में जलभराव की स्थिति बन रही है। इससे फसलों को नुकसान पहुंच रहा है और जमीन बंजर होने का खतरा बढ़ गया है।
उचित मुआवजा की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित जमीन का उचित मुआवजा दिया जाए या वैकल्पिक समाधान निकाला जाए, ताकि किसानों की आजीविका पर असर न पड़े। उन्होंने चेतावनी दी है कि समस्या का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा। मंत्री ने समाधान का आश्वासन दिया।
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने बैठक में विभिन्न गांवों और शहरों से आई शिकायतों पर विभागवार चर्चा की गई और संबंधित अधिकारियों से जवाब लिया गया। गांव जटवाड़ा की शिकायत पर प्राइमरी स्कूल की जमीन से अवैध कब्जा हटाने के आदेश दिए गए। नूंह निवासी आसिफ अली की शिकायत पर मेडिकल कॉलेज में अल्ट्रासाउंड सुविधा और दवाइयों की कमी दूर करने के निर्देश जारी किए गए। रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति प्रक्रिया शुरू करने को भी कहा गया। इसके अलावा राशन वितरण में गड़बड़ी की शिकायत पर डिपो होल्डर की जांच के आदेश दिए गए।


