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हिंदी न्यूज़ NCR नई दिल्लीभूख हड़ताल पर बैठे यासीन मलिक की तबीयत बिगड़ी, ड्रिप से दिया जा रहा लिक्विड डाइट

भूख हड़ताल पर बैठे यासीन मलिक की तबीयत बिगड़ी, ड्रिप से दिया जा रहा लिक्विड डाइट

एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया, कड़ी सुरक्षा के बीच कारागार संख्या सात में एक अलग कोठरी में रखा गया मलिक शुक्रवार की सुबह से कुछ नहीं खा रहा है। उसे रविवार से ड्रिप के जरिए तरल पदार्थ दिए जा रहे हैं।

भूख हड़ताल पर बैठे यासीन मलिक की तबीयत बिगड़ी, ड्रिप से दिया जा रहा लिक्विड डाइट
Devesh Mishraभाषा,नई दिल्लीTue, 26 Jul 2022 05:37 PM

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दिल्ली स्थित तिहाड़ जेल में पिछले पांच दिन से भूख हड़ताल कर रहे कश्मीर के अलगाववादी नेता यासीन मलिक को ड्रिप (नलियों) के जरिए तरल पदार्थ दिए जा रहे हैं। प्रतिबंधित जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (जेकेएलएफ) के प्रमुख यासीन मलिक (56) ने शुक्रवार को सुबह भूख हड़ताल शुरू की थी।

एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया, ''कड़ी सुरक्षा के बीच कारागार संख्या सात में एक अलग कोठरी में रखा गया मलिक शुक्रवार की सुबह से कुछ नहीं खा रहा है। वह अब भी भूख हड़ताल पर है और चिकित्सक उसके स्वास्थ्य पर लगातार नजर रख रहे हैं। उसे रविवार से ड्रिप के जरिए तरल पदार्थ दिए जा रहे हैं।''

क्या था मामला
तत्कालीन केंद्रीय गृह मंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद की बेटी रुबैया सईद के आठ दिसंबर, 1989 को हुए अपहरण से जुड़े मामले में यासीन मलिक आरोपी है। मलिक ने रुबैया सईद के अपहरण से जुड़े मामले में जम्मू की अदालत में व्यक्तिगत रूप से पेश होने का अनुरोध किया था। मलिक ने कहा था कि 22 जुलाई तक अगर सरकार ने इस संबंध में अनुमति नहीं दी, तो वह भूख हड़ताल शुरू करेगा। केंद्र सरकार से इस पर कोई जवाब नहीं मिलने पर उसने भूख हड़ताल शुरू कर दी।

यासीन मलिक पर आरोप
राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) द्वारा 2017 में दर्ज आतंकवाद के वित्तपोषण के मामले में मलिक को 2019 की शुरुआत में गिरफ्तार किया गया था। एनआईए की विशेष अदालत ने मई में उसे सजा सुनाई थी।

रुबैया सईद का कथित तौर पर जेकेएलएफ के आतंकवादियों द्वारा अपहरण किया गया था। रुबैया को पांच दिन बाद 13 दिसंबर को अपहरणकर्ताओं के चंगुल से छुड़ाया गया, लेकिन इसके बदले भाजपा द्वारा समर्थित तत्कालीन वीपी सिंह सरकार को जेकेएलएफ के पांच आतंकवादियों को रिहा करना पड़ा था।

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