Hindi NewsNcr NewsDelhi NewsSupreme Court to Decide on Taxing Mineral Rights Amid Ongoing Legal Disputes
खनिज रॉयल्टी संबंधी सुनवाई पर विचार करेंगे : शीर्ष कोर्ट

खनिज रॉयल्टी संबंधी सुनवाई पर विचार करेंगे : शीर्ष कोर्ट

संक्षेप:

सुप्रीम कोर्ट ने खनिज अधिकारों पर कर लगाने से संबंधित याचिकाओं को पीठ के समक्ष सूचीबद्ध करने पर निर्णय लेने की बात कही। सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने बताया कि केंद्र सरकार ने 25 जुलाई, 2024 के फैसले के खिलाफ एक उपचारात्मक याचिका दायर की है। मुख्य न्यायाधीश ने रिकॉर्ड देखने की बात कही।

Nov 27, 2025 08:09 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
share Share
Follow Us on

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि वह खनिज अधिकारों पर कर लगाने से संबंधित याचिकाओं को पीठ के समक्ष सूचीबद्ध करने पर निर्णय लेगा। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ को गुरुवार को एक वकील ने बताया कि नौ जज की संविधान पीठ के उस फैसले के बाद, विभिन्न राज्यों की कई याचिकाओं को अब भी निर्णय के लिए पीठ के समक्ष सूचीबद्ध किया जाना बाकी है। केंद्र की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने इस दलील का विरोध करते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने 25 जुलाई, 2024 के फैसले के खिलाफ एक उपचारात्मक याचिका दायर की है।

प्यार से लेकर प्रमोशन तक 2026 का पूरा हाल जानें ✨अभी पढ़ें

शीर्ष विधि अधिकारी ने कहा कि राज्यों की इन याचिकाओं को केंद्र की उपचारात्मक याचिका पर निर्णय के बाद ही सूचीबद्ध किया जा सकता है। मेहता ने कहा कि हम जीतें या हारें... सब कुछ उपचारात्मक याचिका के परिणाम पर निर्भर करेगा। मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि मुझे रिकॉर्ड देखने दीजिए। मैं फैसला लूंगा। दरअसल, पिछले साल 25 जुलाई को तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश डी. वाई. चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली नौ जज की संविधान पीठ ने 8:1 के बहुमत से निर्णय दिया था। संविधान पीठ ने निर्णय में कहा था कि खनिज अधिकारों पर कर लगाने की विधायी शक्ति राज्यों के पास है और खनिजों पर दी जाने वाली रॉयल्टी कर नहीं है। संसद के पास संविधान की सूची-1 की प्रविष्टि 54 के तहत खनिज अधिकारों पर कर लगाने का विधायी अधिकार नहीं है, जो केंद्र द्वारा खदानों और खनिज विकास के नियमन से संबंधित है।