Hindi NewsNcr NewsDelhi NewsSupreme Court Dismisses PIL for Judicial Reforms Calls it Publicity Stunt
न्यायिक सुधारों को लेकर दायर याचिका सुप्रीम कोर्ट में खारिज

न्यायिक सुधारों को लेकर दायर याचिका सुप्रीम कोर्ट में खारिज

संक्षेप:

सुप्रीम कोर्ट ने न्यायिक सुधारों के लिए दायर जनहित याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा कि यह याचिका पब्लिसिटी के लिए है और इसे सुप्रीम कोर्ट को एक प्लेटफॉर्म के रूप में इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। याचिकाकर्ता ने अदालतों में मामलों का निपटारा एक वर्ष में करने का अनुरोध किया था।

Jan 19, 2026 04:42 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
share Share
Follow Us on

सुप्रीम कोर्ट ने व्यापक न्यायिक सुधारों के अनुरोध वाली एक जनहित याचिका पर कड़ा संज्ञान लेते हुए सोमवार को इसे खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा कि याचिका पब्लिसिटी के लिए दायर की गई। यह भी कहा कि बाहर लगे कैमरों को संबोधित करने के लिए सुप्रीम कोर्ट को एक प्लेटफॉर्म के रूप में इस्तेमाल न करें। याचिकाकर्ता कमलेश त्रिपाठी ने सुप्रीम कोर्ट से यह निर्देश देने का अनुरोध किया था कि देश की हर अदालत में किसी भी मामले का निपटारा एक वर्ष की समय-सीमा में किया जाए। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ ने सवाल उठाया कि वह ऐसा निर्देश कैसे जारी कर सकती है, जिसमें सभी मामलों का एक वर्ष के भीतर निपटारा अनिवार्य किया जाए।

सुनवायी के दौरान त्रिपाठी ने अपनी दलीलें हिंदी में रखने की अनुमति मांगी। देश में बदलाव लाने के लिए उनकी अर्जी पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि ऐसी आकांक्षाओं के लिए औपचारिक याचिका उपयुक्त माध्यम नहीं है। आप देश में बदलाव चाहते हैं न? इसके लिए ऐसी याचिका दायर करने की जरूरत नहीं है। आप मुझे एक पत्र लिखकर भेज दीजिए। इसके बाद पीठ ने इस ‘प्रचार याचिका’ दायर करने के मकसद की विशेष रूप से आलोचना की।

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।

;;;