वेनेजुएला पैकेज:::बस ड्राइवर से राष्ट्रपति के पद तक पहुंचे मादुरो

Jan 03, 2026 06:38 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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निकोलस मादुरो का जन्म 23 नवंबर 1962 को मजदूर वर्ग परिवार में हुआ था। उन्होंने 1998 में राजनीति में कदम रखा और 2013 में राष्ट्रपति बने। मादुरो पर अमेरिका ने ड्रग कार्टेल चलाने और मानवाधिकारों के उल्लंघन के आरोप लगाए हैं। उनका शासन आर्थिक पतन और विवादों से भरा रहा है।

वेनेजुएला पैकेज:::बस ड्राइवर से राष्ट्रपति के पद तक पहुंचे मादुरो

काराकस, एजेंसी। वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो एक आम परिवार में पैदा हुए थे। बस ड्राइवर से शुरुआत कर वे राष्ट्रपति के पद तक पहुंचे। रिपोर्ट के अनुसार सेना के अधिकारी ह्यूगो शावेज ने उन्हें उत्तराधिकारी नामित किया था, जिसके बाद वे वेनेजुएला के राष्टपति बने। बता दें कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मादुरो पर ड्रग कार्टेल चलाने और अन्य अपराधों का आरोप लगाया है। वे महीनों से मादुरो पर पद छोड़ने का दबाव डाल रहे थे। मजदूर वर्ग परिवार में जन्म मादुरो का जन्म 23 नवंबर, 1962 को मजदूर वर्ग परिवार में हुआ था। उनके पिता ट्रेड यूनियन के नेता थे।

जब सेना अधिकारी ह्यूगो शावेज ने 1992 में असफल तख्तापलट का प्रयास किया था, उस समय उन्होंने बस ड्राइवर के रूप में काम किया था। 1998 में राजनीति में कदम, 2013 में राष्ट्रपति बने 1998 में जब शावेज राष्ट्रपति बने, तो मादुरो ने औपचारिक राजनीति में कदम रखा और विधायिका में एक सीट हासिल की। वह नेशनल असेंबली के अध्यक्ष बने और बाद में विदेश मंत्री के रूप में काम किया, वेनेजुएला के तेल धन से समर्थित अंतरराष्ट्रीय गठबंधन बनाने के लिए दुनियाभर की यात्रा की। शावेज ने अपनी मृत्यु से पहले सार्वजनिक रूप से मादुरो को अपना चुना हुआ उत्तराधिकारी घोषित किया था। शावेज की मृत्यु के बाद 2013 में मादुरो को बहुत कम अंतर से राष्ट्रपति चुना गया। अमेरिका सहित कई देशों ने प्रतिबंध अमेरिका और दूसरे देशों ने मादुरो की सरकार पर कड़े प्रतिबंध लगाए। वाशिंगटन ने 2020 में उन पर भ्रष्टाचार और दूसरे आरोपों में केस चलाया। हालांकि इसे मादुरो ने लगातार खारिज किया। मादुरो ने जनवरी 2025 में तीसरे कार्यकाल के लिए शपथ ली, यह चुनाव 2024 में हुआ था जिसे विपक्ष और अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों ने धोखाधड़ी वाला बताया था, जिसके बाद हजारों प्रदर्शनकारियों को जेल में डाल दिया गया। कार्यकाल में विवादों में रहे मादुरो संयुक्त राष्ट्र के एक हालिया फैक्ट-फाइंडिंग मिशन ने वेनेजुएला की बोलिवेरियन नेशनल गार्ड पर एक दशक से ज्यादा समय से गंभीर मानवाधिकार उल्लंघन और मानवता के खिलाफ अपराध करने का आरोप लगाया है। विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो को 2025 का नोबेल शांति पुरस्कार मिलने के बाद इस साल वेनेजुएला सरकार के दमनकारी रिकॉर्ड पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा शुरू हुई। मादुरो के कार्यकाल में वेनेजुएला ने भयानक आर्थिक पतन देखा। अत्यधिक मुद्रास्फीति और आर्थिक गिरावट सामने आई। उनके शासन को कथित तौर पर धांधली वाले चुनावों, भोजन की कमी और मानवाधिकारों के हनन के लिए जाना जाता है, जिसमें 2014 और 2017 में विरोध प्रदर्शनों पर कठोर कार्रवाई शामिल है। प्रोफाइल नाम: निकोलस मादुरो जन्म: 23 नवंबर 1962 1998: राजनीति में कदम रखा 2013: राष्ट्रपति बने जनवरी 2025: राष्ट्रपति के तीसरे कार्यकाल की शपथ

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