एआई कंटेंट पर सख्ती जोड़:::एआई कंटेंट की पहचान छिपाना मुश्किल

Feb 10, 2026 11:35 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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नोट:इसे एआई के लिए नए नियम वाली खबर के साथ लगााएं नई दिल्ली। नए

एआई कंटेंट पर सख्ती जोड़:::एआई कंटेंट की पहचान छिपाना मुश्किल

नोट:इसे एआई के लिए नए नियम वाली खबर के साथ लगााएं नई दिल्ली। नए के तहत अब एआई से बने कंटेंट के लिए अपनी पहचान छुपाना नामुमकिन होगा। सरकार ने इसके लिए 10% विजिबिलिटी और स्थायी मेटाडेटा का दोहरा सुरक्षा घेरा तैयार किया है। नए नियमों के अनुसार किसी भी एआई फोटो या वीडियो के कम से कम 10% हिस्से पर स्पष्ट लेबल होना चाहिए, और ऑडियो क्लिप में भी कुल समय के 10% हिस्से तक डिस्क्लेमर देना अनिवार्य है। इससे यूजर्स को देखते ही पता चल जाएगा कि कंटेंट असली है या मशीनी। इसके अलावा, सरकार ने 'परमानेंट मेटाडेटा' को अनिवार्य कर दिया है, जिसे हटाना या एडिट करना संभव नहीं होगा।

यह किसी फोटो या वीडियो के भीतर 'डिजिटल डीएनए' या 'ब्लैक बॉक्स' की तरह काम करेगा, जो फाइल के कोड में ही दर्ज होगा। इससे जांच एजेंसियां यह आसानी से पता लगा सकेंगी कि कोई डीपफेक किस कंप्यूटर रिसोर्स या एआई टूल से बनाया गया है। अगर कोई प्लेटफॉर्म इन निशानों को मिटाने वाले टूल्स देता है, तो उसकी कानूनी सुरक्षा खत्म हो जाएगी और उस पर आपराधिक मुकदमा चल सकेगा।

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