Hindi NewsNcr NewsDelhi NewsED Arrests Third Suspect in Reliance Power Fake Bank Guarantee Case Worth 68 Crores
ईडी ने रिलायंस पावर के फर्जी बैंक गारंटी मामले में तीसरी गिरफ्तारी की

ईडी ने रिलायंस पावर के फर्जी बैंक गारंटी मामले में तीसरी गिरफ्तारी की

संक्षेप: - 68 करोड़ रुपये की फर्जी बैंक गारंटी मामले में हुई कार्रवाई नई

Fri, 7 Nov 2025 05:00 PMNewswrap हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
share Share
Follow Us on

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने अनिल अंबानी समूह की कंपनी रिलायंस पावर के फर्जी बैंक गारंटी मामले में तीसरी गिरफ्तारी की है। यह मामला लगभग 68 करोड़ रुपये की कथित फर्जी बैंक गारंटी से जुड़ा है। आरोपी की पहचान कोलकाता निवासी अमरनाथ दत्ता के रूप में हुई है। ईडी ने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत गुरुवार को हिरासत में लिया था। शुक्रवार को विशेष अदालत ने मामले पर सुनवाई के बाद अमरनाथ को 10 नवंबर तक के लिए ईडी हिरासत में भेज दिया। बता दें, संघीय जांच एजेंसी इस मामले में रिलायंस पावर के पूर्व सीएफओ अशोक कुमार पाल और ओडिशा स्थित बिस्वाल ट्रेडलिंक नामक कंपनी के प्रबंध निदेशक (एमडी) पार्थ सारथी बिस्वाल को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।

LiveHindustan को अपना पसंदीदा Google न्यूज़ सोर्स बनाएं – यहां क्लिक करें।

ईडी ने बयान में कहा कि दत्ता व्यापार वित्तपोषण में परामर्श सेवाएं प्रदान करने का दावा करता है। फर्जी बैंक गारंटी प्रदान करने में उसने अशोक पाल और पार्थ सारथी बिस्वाल के साथ सक्रिय भूमिका निभाई। यह है मामला दरअसल, यह मामला सूचीबद्ध कंपनी रिलायंस पावर की सहायक कंपनी रिलायंस एनयू बीईएसएस लिमिटेड की ओर से सोलर एनर्जी कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (एसईसीआई) को जमा की गई 68.2 करोड़ रुपये की बैंक गारंटी से संबंधित है, जो जांच में फर्जी पाई गई। यह कंपनी पहले महाराष्ट्र एनर्जी जेनरेशन लिमिटेड के नाम से जानी जाती थी। एजेंसी ने कहा, रिलायंस एनयू द्वारा धोखाधड़ीपूर्ण बैंक गारंटी प्रस्तुत करने से एसईसीआई को 100 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ। धन शोधन का यह मामला दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) द्वारा नवंबर 2024 में दर्ज की गई एक प्राथमिकी से जुड़ा है। इसमें आरोप लगाया गया था कि बिस्वाल ट्रेडलिंक आठ प्रतिशत कमीशन पर फर्जी बैंक गारंटी जारी करने में शामिल थी।