विदेशी दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट लगी कार के साथ महिला गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने 15 जनवरी को एक महिला को गिरफ्तार किया, जो फर्जी नंबर प्लेट वाली इनोवा कार चला रही थी। वह उच्च सुरक्षा वाले क्षेत्रों में लगातार घूम रही थी और खुद को विदेशी दूतावास की प्रतिनिधि बताती थी। उसकी कार से अन्य फर्जी नंबर प्लेट और दस्तावेज़ बरामद किए गए।

नई दिल्ली, वरिष्ठ संवाददाता। विदेशी दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट लगी इनोवा कार से घूम रही एक महिला को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने 15 जनवरी को गिरफ्तार किया है। महिला गणतंत्र दिवस से पहले राजधानी के उच्च सुरक्षा वाले इलाकों और विभिन्न दूतावासों के आसपास लगातार आवाजाही कर रही थी। फिलहाल पुलिस आरोपी महिला से पूछताछ कर रही है। पुलिस उपायुक्त (अपराध शाखा) संजीव यादव ने बताया कि अपराध शाखा कि एंटी एक्सटॉर्शन एंड किडनैपिंग सेल यूनिट के इंस्पेक्टर दिलीप कुमार की टीम को सूचना मिली थी कि एक महिला विदेशी दूतावास की नंबर प्लेट लगी कार का इस्तेमाल कर रही है।
यह महिला नई दिल्ली स्थित विभिन्न दूतावासों और डिप्लोमैटिक एरिया में बेरोकटोक प्रवेश कर रही है। पुलिस टीम ने वसंत विहार इलाके में निगरानी शुरू की। पुलिस टीम को पता चला कि संदिग्ध महिला बी-ब्लॉक वसंत विहार की ओर गई है। वहां स्ट्रीट बी-5 में इनोवा कार खड़ी मिली। पुलिस ने जाल बिछाया और दोपहर 3:10 बजे लगभग 45 वर्षीय एक महिला को कार खोलते और ड्राइविंग सीट पर बैठते समय रोक लिया। जब पुलिस ने वाहन के दस्तावेज मांगे तो महिला ने खुद को विदेशी दूतावास की प्रतिनिधि बताया, लेकिन किसी भी दूतावास का नाम या वाहन से संबंधित दस्तावेज पेश नहीं कर सकी। इसके बाद महिला को कार सहित अपराध शाखा के कार्यालय लाया गया। महिला को पुलिस हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है। उसका मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया है और कॉल डिटेल्स व अन्य डिजिटल साक्ष्यों की गहन जांच की जा रही है। दूतावास से खरीदी थी कार पूछताछ के दौरान महिला ने कबूल किया कि वह विदेशी दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट का इस्तेमाल कर रही थी। उसने बताया कि उसने यह इनोवा कार नवंबर 2024 में एक विदेशी दूतावास से खरीदी थी, लेकिन वाहन को अपने नाम रजिस्टर नहीं कराया। इस संबंध में संबंधित दूतावास ने थाना चाणक्यपुरी में उसके खिलाफ शिकायत भी दर्ज कराई थी। पूछताछ में सामने आया है कि महिला ने जानबूझकर दूतावास की असली नंबर प्लेट हटाकर रजिस्ट्रेशन नंबर जैसी दिखने वाली फर्जी नंबर प्लेट तैयार करवाई, ताकि पुलिस जांच से बच सके और दूतावासों व डिप्लोमैटिक इलाकों में आसानी से आ-जा सके। कार की तलाशी में दो और फर्जी नंबर प्लेट, मोबाइल फोन और वाहन से जुड़े बिक्री दस्तावेज बरामद किए गए। एजेंसियों को कर रही थी गुमराह जांच में यह भी सामने आया कि महिला खुद को एक विदेशी दूतावास की प्रतिनिधि बताकर सरकारी एजेंसियों को गुमराह कर रही थी। पुलिस को आशंका है कि उसके इरादे संदिग्ध हो सकते हैं और वह किसी राष्ट्र-विरोधी गतिविधि में भी शामिल हो सकती है, जिसे देखते हुए मामले की गहन जांच की जा रही है। महिला का दावा दूतावास में किया है काम महिला असम की स्थायी निवासी है और वर्तमान में गुवाहाटी में रहती है। वह स्नातक है और खुद को पिछले चार वर्षों से एक राजनीतिक दल की अखिल भारतीय सचिव बताती है। उसने यह भी दावा किया है कि वर्ष 2023-24 में उसने एक विदेशी दूतावास में कंसल्टेंट के तौर पर काम किया और 1.5 लाख रुपये मासिक वेतन लिया। इसके अलावा वह मेघालय स्थित एक निजी विश्वविद्यालय में स्पोर्ट्स गाइड के रूप में कार्य कर चुकी है और वर्तमान में विदेशी, विशेषकर अफ्रीकी छात्रों को उसी विश्वविद्यालय में दाखिले के लिए कंसल्टेंसी देने का काम कर रही है।
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


