यूपी के आईएएस अधिकारी राही का इस्तीफा स्वीकार न करें राष्ट्रपति: कांग्रेस
कांग्रेस ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से अनुरोध किया है कि आईएएस अधिकारी रिंकू सिंह राही का इस्तीफा स्वीकार न किया जाए। पार्टी के नेताओं का कहना है कि राही को भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई के कारण इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया गया। राही ने पिछले महीने 'तकनीकी रूप से इस्तीफा' देने की अनुमति मांगी थी।

नई दिल्ली, एजेंसी। कांग्रेस ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) से तकनीकी रूप से इस्तीफा देने की अनुमति मांगने वाले रिंकू सिंह राही के विषय को लेकर गुरुवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से आग्रह किया कि उनका त्यागपत्र स्वीकार नहीं किया जाए। साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार को उन्हें काम देने के लिए निर्देश दिया जाए। पार्टी के अनुसूचित जाति विभाग के प्रमुख राजेंद्र पाल गौतम ने यह भी कहा कि इस दलित अधिकारी को इस्तीफा देने के लिए मजबूर कर दिया गया, क्योंकि उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई की थी। राही ने पिछले महीने 26 मार्च को राष्ट्रपति मुर्मु को लिखे अपने पत्र में आईएएस से ‘तकनीकी रूप से इस्तीफा’ देने की अनुमति मांगी थी।
उन्होंने एक नैतिक दुविधा को इसका कारण बताते हुए कहा था कि बिना किसी ठोस जिम्मेदारी के सिर्फ वेतन और भत्ते लेते हुए सेवा में बने रहना उन्हें उचित नहीं लगता।गौतम ने संवाददाताओं से कहा, आज भी जब कोई दलित युवा मेहनत कर आईएएस-पीसीएस अधिकारी बनता है, तो उसके साथ प्रताड़ना की जाती है। हालात ऐसे बनते हैं कि वो अधिकारी अपनी नौकरी से ही इस्तीफा देने को मजबूर हो जाता है। यही रिंकू सिंह राही के साथ हुआ है। हालात ये हैं कि पिछले आठ महीने से उन्हें कोई काम ही नहीं दिया जा रहा है, उन्हें कोई भी महत्वपूर्ण और प्रमुख पद नहीं सौंपा जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘मैं देश की राष्ट्रपति से मांग करता हूं कि आईएएस अधिकारी रिंकू सिंह राही का तकनीकी इस्तीफा स्वीकार न किया जाए। इसके साथ ही यूपी सरकार को ये निर्देश दिया जाए कि आईएएस रिंकू को काम दिया जाए।’
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


