
नई दिल्ली स्टेशन जाने वाले ध्यान दें! महीनेभर रहेगी जाम की मुसीबत; पढ़िए ट्रैफिक एडवाइजरी
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के रीडेवलपमेंट कार्य के चलते दिसंबर के महीने में पहाड़गंज साइड गेट नंबर 1 और कनॉट प्लेस के आसपास ट्रैफिक जाम की भारी समस्या रहेगी, जिसके लिए ट्रैफिक पुलिस ने यात्रियों को अजमेरी गेट साइड का इस्तेमाल करने की सलाह दी है।
अगर आप दिल्ली में रहते हैं या नई दिल्ली रेलवे स्टेशन आने-जाने वाले हैं, तो ये खबर आपके लिए ही है। इस महीने नई दिल्ली स्टेशन के आसपास ट्रैफिक जाम की समस्या रहेगी। दरअसल स्टेशन को वर्ल्ड-क्लास बनाने का काम जोरों पर है और इसका असर सेंट्रल दिल्ली की सड़कों पर साफ दिख रहा है। खासतौर पर पहाड़गंज साइड ट्रैफिक की ज्यादा परेशानी रहेगी। ट्रैफिक पुलिस ने अलर्ट जारी करते हुए बताया है कि दिसंबर में कनॉट प्लेस, पहाड़गंज और स्टेशन के आसपास ट्रैफिक काफी प्रभावित रहेगा।
आखिर स्टेशन पर क्या हो रहा?
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन देश का सबसे व्यस्त स्टेशन है, जहां रोजाना लाखों यात्री, सैकड़ों ट्रेनें आती-जाती हैं। पहाड़गंज साइड का गेट नंबर 1 प्लेटफॉर्म 1 के लिए मुख्य एंट्री है, लेकिन रीडेवलपमेंट के तहत यहां कंस्ट्रक्शन और यूटिलिटी शिफ्टिंग चल रही है। इसकी वजह से रोड स्पेस कम हो गया है और गाड़ियां रेंग रहीं हैं। इसकी वजह से लगातार जाम की स्थिति बन रही है। यह परेशानी 10 दिसंबर से 31 दिसंबर तक चलेगी। ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि चेल्म्सफोर्ड रोड पर बैरिकेड्स लगे हैं, जिससे गाड़ियों की रफ्तार थम सी गई है।
कौन-सी सड़कें होंगी सबसे ज्यादा प्रभावित?
- मिंटो रोड
- दीन दयाल उपाध्याय मार्ग
- भवभूति मार्ग
- जवाहरलाल नेहरू मार्ग
- देशबंधु गुप्ता रोड
- कनॉट प्लेस का आउटर सर्कल
यात्रियों के लिए क्या सलाह?
ट्रैफिक पुलिस ने यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी की है। पुलिस का कहना है कि स्टेशन जाने वाले यात्री अजमेरी गेट साइड का इस्तेमाल करें। पहाड़गंज साइड के गेट नंबर 1 के आसपास अनावश्यक घूमने से बचें। यात्रा पहले से प्लान करें, ताकि आखिरी मिनट में भागदौड़ न हो। साइट पर तैनात पुलिसवालों की बात मानें और टेम्परेरी डायवर्जन साइन्स फॉलो करें। गलत पार्किंग से बचें, वरना जाम और बढ़ेगा।
नई दिल्ली स्टेशन बनेगा वर्ल्ड क्लास
हालांकि अभी थोड़ी तकलीफ है, लेकिन अच्छी खबर यह है कि रेल लैंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (RLDA) का यह प्रोजेक्ट स्टेशन को पूरी तरह बदल देगा। 2021 से चल रहा यह काम करीब 4700 करोड़ रुपये का है। दो फेज में पूरा होगा। इसके तहत नई बिल्डिंग्स, डेडिकेटेड रोड्स, हॉस्पिटैलिटी, रिटेल और रेलवे स्टाफ के लिए हाउसिंग की सुविधा होगी। सबसे खास बात है कि रेल, मेट्रो, बस सब एक साथ कनेक्ट होंगे और सात फ्लाईओवर्स से ट्रैफिक हमेशा के लिए आसान हो जाएगा। RLDA का कहना है कि यह एक इंटीग्रेटेड मल्टीमॉडल हब बनेगा।





