NEET-UG पेपर लीक मामले में CBI के हत्थे चढ़ा 14वां आरोपी, भेजा गया जेल
दिल्ली की राउज एवेन्यू अदालत ने नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में गिरफ्तार 14वें आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। सीबीआई इस मामले में पहले ही 13 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल कर चुकी है।

हेमलता कौशिक, नई दिल्ली
दिल्ली की राउज एवेन्यू अदालत परिसर की फास्ट ट्रैक अदालत ने शनिवार को नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में सीबीआई द्वारा गिरफ्तार किए गए 14वें आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। यह जानकारी एक वकील ने दी। आरोपी शेषराव बजरंग सूर्यवंशी को सीबीआई हिरासत की तीन दिन रिमांड अवधि पूरी होने के बाद न्यायिक हिरासत में भेजा गया है।
शुभम खैरनार से लिंक
आरोपी को बुधवार को गिरफ्तार किया गया था। इससे पहले सीबीआई ने अदालत को बताया था कि सूर्यवंशी का संबंध एक अन्य आरोपी शुभम खैरनार से है। शुभम खैरनार एक करियर काउंसलर है, जिसे 12 मई को नासिक से गिरफ्तार किया गया था। उस पर सोशल मीडिया के जरिए प्रश्नपत्र फैलाने का आरोप है। शुभम खैरनार ने परीक्षा से पहले उम्मीदवारों को NEET-UG के कथित तौर पर लीक पेपर उपलब्ध कराने में भूमिका निभाई थी।
आरोपपत्र का लिया संज्ञान
CBI के अनुसार, मामले की आगे की जांच के दौरान 2 सितंबर को सूर्यवंशी को गिरफ्तार किया गया था। CBI का कहना है कि पूछताछ के जरिए आरोपी से पता चला है कि उसने कथित तौर पर परीक्षा से पहले कई उम्मीदवारों के लिए नीट-यूजी 2026 के कथित लीक सवाल उपलब्ध कराए थे। शुभम खैरनार के साथ मिलकर आपराधिक साजिश के तहत उम्मीदवारों या उनके परिवारों से पैसे लिए थे।
13 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट
पिछले महीने अदालत ने नीट-यूजी 2026 प्रश्नपत्र लीक मामले में सीबीआई द्वारा 13 आरोपियों के खिलाफ दाखिल आरोपपत्र का संज्ञान लिया था। अदालत ने सीबीआई की उस मांग को भी स्वीकार कर लिया, जिसमें अतिरिक्त संदिग्धों के खिलाफ जांच बढ़ाने व उनके खिलाफ सबूत जुटाने की अनुमति मांगी गई थी।
फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई
एक वकील के अनुसार, सीएफएसएल रिपोर्ट में कुछ अन्य लोगों की संभावित भूमिका सामने आई है। राउ एवेन्यू कोर्ट परिसर में विशेष रूप से गठित इस फास्ट ट्रैक अदालत को सार्वजनिक परीक्षाएं (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 व इससे जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए बनाया गया है।
अन्य की भूमिका की जांच
सीबीआई ने अपने आवेदन में कहा था कि आरोपपत्र में यह स्पष्ट किया गया है कि 13 आरोपियों के अलावा कुछ अन्य संदिग्धों के खिलाफ भी जांच जारी है। जांच एजेंसी ने कहा कि 13 आरोपियों के खिलाफ उसकी जांच पूरी हो चुकी है, लेकिन कुछ अन्य लोगों की कथित भूमिका की जांच अभी बाकी है। 28 जुलाई को सीबीआई ने गिरफ्तार किए गए सभी 13 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल की थी।


