
गुरुग्राम में शंकर चौक पर बनेगा नमो भारत ट्रेन का साइबर सिटी स्टेशन, NCRTC जगह बदलने को तैयार नहीं
दिल्ली से धारूहेड़ा तक प्रस्तावित नमो भारत ट्रेन (Namo Bharat Train) का साइबर सिटी स्टेशन गुरुग्राम के शंकर चौक पर बनेगा। इस स्टेशन की जगह में बदलाव को लेकर राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) तैयार नहीं है।
दिल्ली से धारूहेड़ा तक प्रस्तावित नमो भारत ट्रेन (Namo Bharat Train) का साइबर सिटी स्टेशन गुरुग्राम के शंकर चौक पर बनेगा। इस स्टेशन की जगह में बदलाव को लेकर राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) तैयार नहीं है। एनसीआरटीसी ने गुरुवार को इस स्टेशन के नए डिजाइन को हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी के समक्ष रखा। उन्हें बताया कि इस स्टेशन के प्रवेश और निकासी द्वार दूर बनाए जाएंगे।
हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में गुरुवार सुबह सवा 10 बजे ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो के निर्माण की अड़चनों को दूर करने को लेकर बैठक बुलाई गई थी। इसमें नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अपूर्व कुमार सिंह, बिजली निगम के प्रधान सचिव श्यामल मिश्रा, एनसीआरटीसी के प्रबंध निदेशक शलभ गोयल, जीएमआरएल के प्रबंध निदेशक डॉ. चंद्रशेखर खरे, एचएसआईआईडीसी के प्रबंध निदेशक यश गर्ग, गुरुग्राम नगर निगम के आयुक्त प्रदीप दहिया आदि मौजूद थे।
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में जीएमआरएल की तरफ से बताया गया कि नमो भारत ट्रेन के साइबर सिटी स्टेशन की जगह का निर्धारण नहीं होने के चलते ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो के साइबर सिटी स्टेशन के निर्माण की जगह को अंतिम रूप देने में दिक्कत आ रही है। एनसीआरटीसी के प्रबंध निदेशक शलभ गोयल के मुताबिक नमो भारत ट्रेन का साइबर सिटी स्टेशन के नए डिजाइन को एचएसआईआईडीसी को सौंपा है।
इसके मुताबिक, इस स्टेशन के प्रवेश और निकासी को दूर कर दिया है, जोकि साइबर सिटी, साइबर हब और एचआईएल जमीन के साथ होंगे। ऐसा होने से ट्रैफिक जाम नहीं लगेगा। एचएसआईआईडीसी ने नमो भारत के इस स्टेशन की वजह से ट्रैफिक जाम लगने की बात रखी है। मुख्य सचिव ने निर्देश जारी किए कि नमो भारत ट्रेन के साइबर सिटी स्टेशन के नए डिजाइन का अध्ययन किया जाए। करीब आधे घंटे तक इस स्टेशन को लेकर बैठक में विचार विमर्श हुआ।
अंडरपास निर्माण को लेकर आमने-सामने : ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो के दूसरे चरण में अंडरपास निर्माण को लेकर जीएमडीए और जीएमआरएल के अधिकारी आमने-सामने हैं। जीएमआरएल ने पत्र लिखकर चार अंडरपास के निर्माण से इनकार किया है तो जीएमडीए ने इसका जवाब देते हुए स्पष्ट किया है कि मेट्रो और अंडरपास निर्माण को लेकर गहराई से अध्ययन करने की आवश्यकता है। मेट्रो पिलर बनने के बाद यदि अंडरपास निर्माण के लिए खुदाई होगी तो इस दौरान दिक्कत आ सकती है। ऐसे में दोनों का एक साथ बनना बहुत जरूरी है। कोई भी अंडरपास मेट्रो रूट से बाहर नहीं है। बता दें कि जीएमआरएल सिर्फ कृष्णा चौक अंडरपास के निर्माण के लिए तैयार है। रेलवे रोड, सेक्टर-पांच से शीतला माता रोड, रेजांगला चौक और सुशील ऐमा रोड पर अंडरपास का निर्माण करने से इनकार किया है।
‘हाईकोर्ट को स्थिति से अवगत करवाएं’
मुख्य सचिव ने हीरो होंडा चौक से उमंग भारद्वाज चौक के बीच में आ रहे बीकानेर मिष्ठान भंडार को लेकर निर्देश जारी किए कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट को दोनों परियोजनाओं से अवगत करवाएं। हाईकोर्ट को बताएं कि स्टे की वजह से हीरो होंडा चौक से उमंग भारद्वाज चौक तक सड़क को चौड़ा करने की योजना अटकी हुई है। दूसरा इस रोड से ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो को निकालना है, जिस कार्य में भी अड़चन आ रही है। हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई 27 जनवरी निर्धारित है।
जून तक बिजली घर स्थानांतरित होगा
एनएचएआई के परियोजना अधिकारी योगेश तिलक ने मुख्य सचिव को बताया कि अगले साल जून माह तक बिजली घर को स्थानांतरित कर दिया जाएगा। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो के वायाडक्ट निर्माण के लिए इस बिजली घर में 150 वर्ग मीटर जमीन जीएमआरएल को चाहिए।
सीएनजी स्टेशन तोड़ा जाएगा
सेक्टर-37 के पास निर्मित सीएनजी स्टेशन को अगले महीने में तोड़ दिया जाएगा। नया स्टेशन बनकर तैयार हो चुका है। जीएमडीए से इस स्टेशन को लेकर मुख्य सड़क से प्रवेश की मंजूरी सीएनजी स्टेशन का संचालन कर रही कंपनी ने मांगी है। इसके मिलने के साथ नए स्टेशन को चालू कर दिया जाएगा।





