
MCD ने दिल्ली मेट्रो पर ठोका 3.8 लाख रुपये का जुर्माना, प्रदूषण नियमों के उल्लंघन पर ऐक्शन
दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने महरौली-बदरपुर (MB) रोड पर कंस्ट्रक्शन साइट्स पर प्रदूषण रोकने के जरूरी उपाय शुरू नहीं करने पर शुक्रवार को दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) के 3 लाख 80 हजार रुपये के चालान काटे हैं।
दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने महरौली-बदरपुर (MB) रोड पर कंस्ट्रक्शन साइट्स पर प्रदूषण रोकने के जरूरी उपाय शुरू नहीं करने पर शुक्रवार को दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) के 3 लाख 80 हजार रुपये के चालान काटे हैं। हालांकि, डीएमआरसी ने एमसीडी के इन दावों खारिज करते हुए कहा था कि उसके अधिकार क्षेत्र में आने वाला हिस्सा सीमित है। इसके साथ ही उसकी कंस्ट्रक्शन साइट्स पर जरूरी प्रोटोकॉल का पालन किया जाता है।
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, एमसीडी ने बताया कि साउथ और सेंट्रल जोन ने डीएमआरसी को कुल 28 चालान जारी किए, जिनमें नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) कानूनों और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट नियमों का उल्लंघन शामिल है। इन उल्लंघनों में धूल रोकने के नाकाफी इंतजाम, कंस्ट्रक्शन मटीरियल को ढकने में नाकामी, काम की जगहों पर सही बैरिकेडिंग न होना और धूल को कम से कम फैलाने के लिए जरूरी ऑन-साइट हाउसकीपिंग की कमी शामिल है।
वहीं, डीएमआरसी ने एक बयान जारी कर बताया कि दिल्ली मास रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (MRTS) प्रोजेक्ट फेज-चार के तहत एरोसिटी-तुगलकाबाद कॉरिडोर (लाइन-10) से जुड़े कंस्ट्रक्शन के कामों के लिए पूरे एमबी रोड का सिर्फ 6.58 किमी हिस्सा उसके अधिकार क्षेत्र में आता है। एमबी रोड के इस हिस्से में कोई फुटपाथ नहीं है और सड़क के बाहर कच्ची जमीन है। डीएमआरसी का काम सड़क के बीच में बैरिकेड्स के अंदर चल रहा है। कुछ जगहों पर, गाड़ियों और पैदल चलने वालों को सड़क पार करने में आसानी के लिए बैरिकेड्स खोले गए हैं।
डीएमआरसी ने इसके साथ ही यह भी कहा कि एमसीडी द्वारा बताए गए नियमों के उल्लंघन की साइट पर समीक्षा की गई है। डीएमआरसी ने यह भी बताया कि नगर निगमों द्वारा दिए गए डस्टबिन की कमी है और कहा कि स्थानीय निवासी और राहगीर रेगुलर तौर पर अपना मलबा सड़क किनारे फेंक देते हैं, जिसे संबंधित अथॉरिटी हटा नहीं रही है।





