
मूर्तिकार राम सुतार को सम्मानित करने के लिए खुद नोएडा आई महाराष्ट्र सरकार
विख्यात मूर्तिकार राम सुतार को शुक्रवार को महाराष्ट्र भूषण पुरस्कार से सम्मानित किया गया। उन्हें सम्मानित करने के लिए महाराष्ट्र सरकार उनके नोएडा में सेक्टर-19 स्थित घर पहुंची।
विख्यात मूर्तिकार राम सुतार को शुक्रवार को महाराष्ट्र भूषण पुरस्कार से सम्मानित किया गया। उन्हें सम्मानित करने के लिए महाराष्ट्र सरकार उनके नोएडा में सेक्टर-19 स्थित घर पहुंची। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री अजीत पवार और संस्कृति मंत्री आशीष सैलार ने उन्हें सम्मानित किया और कला के क्षेत्र में उनके योगदान की सराहना की।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 20 मार्च को विधानसभा में मूर्तिकार राम सुतार को राज्य का सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार ‘महाराष्ट्र भूषण’ देने की घोषणा की थी। इसके तहत 25 लाख रुपये और एक स्मृति चिह्न दिया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि उन्हें गर्व है कि राम सुतार मूलरूप से महाराष्ट्र के निवासी हैं और अपनी कला के बूते उन्होंने पूरी दुनिया में अलग पहचान बनाई। उनकी बनाई मूर्तियां ना सिर्फ भारत, बल्कि अनेक देशों में प्रमुख स्थानों पर लगी हैं और अनेक रिकॉर्ड उनके नाम पर दर्ज हैं।
राम सुतार की तबीयत इन दिनों खराब है और वह बिस्तर से नहीं उठ पा रहे, इसलिए उनके कमरे में जाकर ही उन्हें यह सम्मान दिया गया। सम्मान लेने के बाद उन्होंने सभी का आभार जताया। इस अवसर पर स्थानीय सांसद डॉ. महेश शर्मा में मौजूद रहे। राम सुतार के बेटे और मूर्तिकार अनिल सुतार ने कहा कि पिता को घर आकर सम्मानित करने के लिए वह महाराष्ट्र सरकार के आभारी हैं।
सौ साल की आयु पूरी कर चुके : राम सुतार ने इसी साल फरवरी में सौ साल की आयु पूर्ण की है। महाराष्ट्र के गोंडूर गांव में एक गरीब परिवार में 19 फरवरी 1925 को जन्मे राम सुतार ने अपना स्टूडियो नोएडा में ही बनाया है। वह वर्ष 1990 से यहीं रह रहे। पद्मश्री और पद्मभूषण से सम्मानित राम सुतार ने कई ऐतिहासिक मूर्तियां और स्मारक बनाए। महात्मा गांधी की साढ़े तीन सौ से अधिक मूर्तियां उन्होंने गढ़ी हैं। अजंता-एलोरा की गुफाओं में कई प्राचीन मूर्तियों के जीर्णोद्धार में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा के भी शिल्पकार
● राम सुतार ने गुजरात में दुनिया की सबसे ऊंची (182 मीटर) सरदार पटेल की प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी को डिजाइन किया
● संसद भवन में लगी महात्मा गांधी की प्रतिमा बनाई, ऐसी प्रतिमा विभिन्न देशों में भी भेंट की गई
● 251 मीटर ऊंची भगवान श्रीराम की प्रतिमा और लता मंगेशकर चौक पर लगी वीणा (अयोध्या)
● 153 फीट ऊंची भगवान शिव की प्रतिमा (बेंगलुरु)
● 100 फीट ऊंची छत्रपति संभाजी महाराज की प्रतिमा (मोशी, पुणे)
● पटना में गांधी मैदान में गांधी की दो बच्चों के साथ लगी प्रतिमा





