
नोएडा कोर्ट ने IIT प्रोफेसर को सुनाई कड़ी सजा, नौकरी के बहाने छात्रा से किया था रेप
नोएडा की एक अदालत ने आईआईटी प्रोफेसर को रेप के मामले में 10 साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही 20 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। आइए जानते हैं पूरा मामला क्या है।
नोएडा की एक अदालत ने आईआईटी प्रोफेसर को रेप के मामले में 10 साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही 20 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। कोर्ट ने यह सजा और जुर्माना साल 2019 में एक पुरानी छात्रा के साथ रेप करने के लिए सुनाई है।
बात साल 2009 की है। विवेक विजयवर्गीय आईआईटी जोधपुर में मैथ्स डिपार्टमेंट में फैकल्टी के सदस्य थे। तब विवेक उस महिला को जानते थे, क्योंकि कुछ सालों पहले ही विवेक ने महिला को पढ़ाया था। इसके बाद दोनों साल 2011 में फि मिले और उसे वहीं नौकरी मिल गई थी।
महिला ने साल 2019 में प्रोफेसर पर नोएडा के सेक्टर-16 थाने में केस दर्ज करवाया। महिला ने आरोप लगाया कि उस दिन नोएडा के फिल्म सिटी में गेल गेस्टहाउस में नौकरी के लिए उनसे नौकरी के सिलसिले में मिलने गई थी। तभी महिला के साथ प्रोफेसर ने रेप किया। इसके अगले दिन महिला ने प्रोफेसर विजयवर्गीय के खिलाफ केस दर्ज किया और मामले की जांच करने के बाद 25 सितंबर, 2019 को ही चार्जशीट फाइल कर दी। अब कोर्ट ने प्रोफेसर को 10 साल की सजा सुनाई है।
इस मामले की सुनवाई के बाद 27 नवंबर 2019 को एडिशनल सेशंस जज प्रियंका कुमार ने विवेक विजयवर्गीय को महिला के साथ रेप का दोषी पाया। कोर्ट ने ऑर्डर में लिखा इस मामले में गवाही से पता चला कि पुलिस घटना के तुरंत बाद मौके पर पहुंची थी और एफआईआर दर्ज करने में देरी पुलिस स्टेशन पर हुई थी, पीड़िता की हिचकिचाहट के कारण नहीं। सुनवाई के दौरान को्ट ने सरकारी गवाहों के बयानों को एक जैसा और भरोसेमंद पाया, जिसके बाद माना कि उनकी गवाही सरकारी वकील की इस बात का सपोर्ट करती है कि आरोपी ने महिाल को जॉब ऑफर के बहाने गेस्ट हाउस बुलाया था और उसके बाद रेप किया था।





