
डेढ़ लाख की घूस लेते रंगे हाथ पकड़ाए सब इंस्पेक्टर, दिल्ली ब्लास्ट के बाद चर्चा में आया था थाना
एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने थाना धौज के पास स्थित यश फार्म हाउस के पास ट्रैप लगाया था, जहां शिकायतकर्ता ने सुमित कुमार को मुलाकात के बहाने बुलाया था। जैसे ही आरोपी ने पैसे लिए टीम ने उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया।
दिल्ली ब्लास्ट में अल फलाह यूनिवर्सिटी के आतंक का केंद्र बनने से चर्चा में आया फरीदाबाद का धौज इलाका अब फिर चर्चा में आ गया है। इस बार इसकी वजह रिश्वतखोरी है। हाल ही में धौज थाना के एसआई को डेढ़ लाख रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। एंटी करप्शन ब्यूरो अंबाला यूनिट ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया है। जानकारी के मुताबिक सब-इंस्पेक्टर सुमित कुमार थाना धौज, फरीदाबाद में दर्ज कराए गए एक केस में चालान कोर्ट में पेश करने के एवज में 1.50 लाख रुपए की रिश्वत की मांग रहे थे। इसके बाद शिकायतकर्ता ने परेशान होकर राज्य सतर्कता ब्यूरो, अंबाला में शिकायत दर्ज कराई थी।
चालान कोर्ट में पेश करने के मांगी रिश्वत
ACB अधिकारियों ने बताया कि कुरुक्षेत्र के रहने वाले मनोज कुमार ने ब्यूरो को दी गई शिकायत में बताया कि वह नेक्सा जीपीएस एंड प्रोडक्ट ओपीसी प्राइवेट लिमिटेड के मालिक हैं। नवंबर 2023 से उनकी कंपनी गाड़ियों में जीपीएस लगाने का काम कर रही है। आठ सितंबर 2025 को धौज निवासी राहुल ने उनके खिलाफ धौज थाने में शिकायत देकर मामला दर्ज कराया था। धोखाधड़ी के इस मामले की जांच सब-इंस्पेक्टर सुमित कुमार कर रहे थे आरोप है कि जांच अधिकारी सुमित उससे चालान कोर्ट में पेश करने के एवज में एक लाख पचास हजार रुपए की रिश्वत की मांग की। इससे परेशान होकर उन्होंने राज्य सतर्कता ब्यूरो, अंबाला में शिकायत दर्ज कराई।
ACB ने बिछाया जाल
शिकायत के बाद एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने थाना धौज के पास स्थित यश फार्म हाउस के पास ट्रैप लगाया, जहां शिकायतकर्ता ने सुमित कुमार को मुलाकात के बहाने बुलाया था। जैसे ही आरोपी सब-इंस्पेक्टर सुमित कुमार ने शिकायतकर्ता से रिश्वत के 1,50,000 रुपए पकड़े, टीम ने उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है और पुलिस इस मामले में थाना प्रभारी से भी पूछताछ करेगी।
रिपोर्ट: मोनी देवी





