Gurgaon News: जल शोधन संयंत्र संचालन में बिजली की दिक्कत
Gurgaon News: - चंदू बुढेड़ा में 54 करोड़ से जल शोधन संयंत्र बनकर तैयार हो चुका- चंदू बुढेड़ा में 54 करोड़ से जल शोधन संयंत्र बनकर तैयार हो चुका

Gurgaon News: गुरुग्राम, दीपक आहूजा। चंदू बुढेड़ा में नवनिर्मित जल शोधन संयंत्र के संचालन में दिक्कत आ रही है। जैसे ही इस संयंत्र को चालू किया जाता है तो बिजली गुल हो जाती है। ऐसे में जीएमडीए और डीएचबीवीएन के अधिकारी मिलकर इस समस्या का समाधान निकाल रहे हैं। चंदू बुढेड़ा में 100 एमएलडी (मिलियन लीटर प्रतिदिन) क्षमता का नया जल शोधन संयंत्र तैयार हुआ है। इसके निर्माण में करीब 54 करोड़ रुपये की लागत आई है। एक महीने पहले यह संयंत्र तैयार हो चुका है, लेकिन इससे पेयजल सप्लाई करने में जीएमडीए अधिकारियों को दिक्कत आ रही है। इस संयंत्र में बिजली सप्लाई के लिए डीएचबीवीएन के दौलताबाद बिजली घर से 11केवीए केबल के माध्यम से बिजली सप्लाई होती है। जैसे ही इस बिजली केबल पर इस संयंत्र का भार पड़ता है तो तकनीकी खराबी आ जाती है। जीएमडीए ने इसकी सूचना डीएचबीवीएन को दी है। अब जीएमडीए और डीएचबीवीएन के इंजीनियर मिलकर इस संयंत्र के संचालन में आ रही दिक्कत को सुलझाने में जुटे हैं। दावा किया जा रहा है कि जल्द ही इस संयंत्र से पानी की सप्लाई को बहाल कर दिया जाएगा।
संयंत्र के महत्व
इस संयंत्र के शुरू होने के बाद ओल्ड गुरुग्राम की करीब 100 कॉलोनियों के अलावा सेक्टर-51 से लेकर सेक्टर-80 तक गर्मियों में होने वाली पानी की समस्या खत्म हो जाएगी। सेक्टर-68 से लेकर सेक्टर-80 तक जीएमडीए की तरफ से नाममात्र पानी दिया जाता है। इसके लिए सेक्टर-72 के बूस्टिंग स्टेशन का ट्रायल हो गया है। अगले महीने से यह शुरू हो जाएगा, जिसके बाद इस क्षेत्र में पर्याप्त पानी मिलेगा।
जल शोधन संयंत्र का संचालन
जीएमडीए के कार्यकारी अभियंता अभिनव वर्मा के मुताबिक जल शोधन संयंत्र बनकरर तैयार हो चुका है। जैसे ही इस संयंत्र को चालू कर रहे हैं तो बिजली केबल में फाल्ट आ रहा है। डीएचबीवीएन के इंजीनियरों से मिलकर इस दिक्कत को ढूंढकर जल्द समाधान किया जाएगा। इस संयंत्र के संचालन होने के बाद मिलेनियम सिटी के कई इलाकों में पेयजल की दिक्कत दूर हो जाएगी।


