
बंद कमरे में ठांय-ठांय; पिता की रिवॉल्वर से हॉस्टल में किया कांड, दोस्त की मौत
संक्षेप: पुलिस की जांच में खबर लिखे जाने तक यह स्पष्ट नहीं हो सका कि घटना की वजह क्या है और किसने, किसको गोली मारी। पुलिस ने घटनास्थल से जो रिवाल्वर बरामद की, उसमें छह गोलियां भरी हुई थीं। इनमें से दो गोली चली है। दोनों छात्रों को एक-एक गोली लगी है।
ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क स्थित निजी हॉस्टल में मंगलवार को गोली लगने से एक छात्र दीपक कुमार की मौत हो गई, जबकि छात्र देवांश चौहान गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती है। पुलिस के अनुसार, घटना में देवांश के पिता सेवानिवृत्त डिप्टी एसपी की लाइसेंसी रिवाल्वर का इस्तेमाल किया गया। ग्रेटर नोएडा के एडीसीपी सुधीर कुमार ने बताया कि गोली लगने से घायल छात्र देवांश के पिता सुरेंद्र सिंह उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में डिप्टी एसपी के पद पर कार्यरत थे। वह हाल ही में सेवानिवृत्त हुए। घटना में जिस लाइसेंसी रिवाल्वर का इस्तेमाल किया गया, वह सुरेंद्र सिंह के नाम पर है।

पुलिस की जांच में खबर लिखे जाने तक यह स्पष्ट नहीं हो सका कि घटना की वजह क्या है और किसने, किसको गोली मारी। पुलिस ने घटनास्थल से जो रिवाल्वर बरामद की, उसमें छह गोलियां भरी हुई थीं। इनमें से दो गोली चली है। दोनों छात्रों को एक-एक गोली लगी है, जबकि चार गोली रिवाल्वर में भरी हुई थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
एडीसीपी ग्रेटर नोएडा सुधीर कुमार ने बताया कि आज नॉलेज पार्क पुलिस स्टेशन को सूचना मिली कि आरसीआई विद्या विहार हॉस्टल में दो छात्र घायल अवस्था में हैं। पूछताछ करने पर पता चला कि हॉस्टल के गार्ड ने एक कमरे से कुछ आवाजें सुनीं। कमरा अंदर से बंद था, कमरे में दो छात्र थे, जिनमें से एक की मौत हो चुकी थी और दूसरा घायल था। घायल छात्र को तुरंत अस्पताल ले जाया गया। पहली नजर में ऐसा लगता है कि एक छात्र ने दूसरे छात्र को रिवॉल्वर से गोली मार दी और फिर खुदकुशी कर ली। रिवॉल्वर लाइसेंसी प्रतीत होती है। परिवारों को सूचित कर दिया गया है। आगे की जांच चल रही है। "
सुबह घर से आया, दो घंटे बाद ही घटना हुई
घटना की सूचना पर अस्पताल पहुंचे परिजनों ने बताया कि देवांश मंगलवार की सुबह 5:00 बजे आगरा स्थित घर से निकला था। आशंका है कि वह रिवाल्वर लेने के लिए घर गया था। वहां से सुबह करीब 9.30 बजे वह हॉस्टल पहुंचा। इसके बाद सुबह करीब 11.30 बजे यह घटना हुई। देवांश के सिर में गोली फंसने के कारण उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
अस्पताल में उसका ऑपरेशन किया जा रहा। परिजनों ने बताया कि सोमवार को देवांश के पिता ने तीन लाख रुपये फीस भी जमा की। पिता मंगलवार की सुबह घर से एटा एक गमी में शामिल होने के लिए निकले थे। इसी बीच रास्ते में उन्हें इस घटना की जानकारी मिली। पिता ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि कौन उनकी रिवाल्वर लेकर घर से आया। इस मामले में कॉलेज प्रबंधन से बातचीत करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी।
हॉस्टल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
निजी हॉस्टल में गोलीबारी की इस घटना ने छात्रों की चिंता बढ़ा दी है। नाम न छापने की शर्त पर कुछ छात्रों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए। उनका कहना है कि छात्र रिवॉल्वर और कारतूस लेकर कैसे पहुंच गया। इससे साफ जाहिर होता है कि हॉस्टल में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं हैं। छात्रों के परिजनों ने भी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता जाहिर की है।
छात्र के होश में आने पर वजह पता चलेगी
पुलिस ने घटनास्थल से दोनों छात्रों के मोबाइल और लैपटॉप बरामद किए हैं। इसके साथ ही फॉरेंसिक टीम ने भी सबूत जुटाए। पुलिस का कहना है कि घायल छात्र के होश में आने पर घटना के बारे में पता चल सकेगा। मोबाइल और लैपटॉप की भी जांच की जा रही। पुलिस का दावा है कि दोनों छात्र अच्छे दोस्त थे। ऐसे में दोनों के बीच विवाद की कोई बात अब तक सामने नहीं आई। मामले की जांच जारी है।





