
गाजियाबाद: खोड़ा के 10 लाख लोगों के लिए अच्छी खबर, अस्थायी पोस्ट से मिलेगा हर दिन 7 MLD पानी
गाजियाबाद के खोड़ा में 10 लाख लोगों के लिए पेयजल आपूर्ति हेतु जिलाधिकारी ने 'अस्थायी पोस्ट' योजना को मंजूरी दी है। जल निगम 2 हफ्ते में इसकी कार्ययोजना तैयार करेगा, जिससे रोजाना 7 MLD पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
गाजियाबाद के खोड़ा क्षेत्र में लंबे समय से पेयजल संकट से जूझ रहे करीब 10 लाख लोगों के लिए राहत भरी खबर है। अब अस्थायी पोस्ट के माध्यम से पीने के पानी की आपूर्ति की जाएगी। जिलाधिकारी ने इस संबंध में जल निगम को निर्देश दिए हैं। इसके लिए जल्द विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने को कहा है। इस योजना के तहत खोड़ा में रोजाना लगभग 7 एमएलडी पानी की आपूर्ति की जाएगी।
वर्तमान में खोड़ा में टैंकरों के जरिए पेयजल की व्यवस्था की जा रही है, जिससे केवल करीब दो एमएलडी पानी ही लोगों तक पहुंच पा रहा है। आबादी के हिसाब से यह बेहद कम है। गर्मी के मौसम में हालात और भी बिगड़ जाते हैं। कई कॉलोनियों में लोगों को घंटों लाइन में लगकर पानी लेना पड़ता है, तो कई जगहों पर निजी टैंकरों से महंगे दामों पर पानी खरीदने की मजबूरी रहती है। इसके लिए अब खोड़ा में कई स्थानों पर अस्थायी पोस्ट बनेगी। जहां टैंकरों के जरिये पानी लगातार स्टोर होता रहेगा। आम लोग टैंकरों के बजाय इन पोस्ट से पानी लेंगे। उन्हें अपने क्षेत्र में पानी के लिए टैंकर बुलाने की जरूरत नहीं होगी।

अधिकारियों के अनुसार अस्थायी पोस्ट के जरिये पानी की आपूर्ति शुरू होने से खोड़ा की बड़ी आबादी को काफी हद तक राहत मिलेगी। इससे टैंकरों पर निर्भरता कम होगी और पानी की उपलब्धता अपेक्षाकृत नियमित हो सकेगी।
दो सप्ताह में कार्य योजना तैयार होगी
पिछले दिनों जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ ने जल निगम के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की थी। इस दौरान खोड़ा में पानी की सप्लाई को लेकर भी चर्चा हुई। पूरा रिपोर्ट देखने के बाद जिलाधिकारी ने साफ कहा कि जब तक स्थायी और बड़ी योजना पर अमल नहीं होता, तब तक अस्थायी पोस्टों के जरिये पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने जल निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि किन-किन स्थानों पर अस्थायी पोस्ट लगाए जा सकते हैं, वहां तक पानी कैसे पहुंचेगा, इन सभी बिंदुओं को शामिल कर दो सप्ताह में पूरी कार्ययोजना तैयार की जाए।
गंगाजल अब तक नहीं मिला
वर्ष 2016 में खोड़ा नगर पालिका बनने के बाद 2018 में पहली बार गंगाजल सप्लाई के लिए 127.15 लाख रुपये की डीपीआर तैयार की गई थी। इस बजट से खोड़ा में 164 किलोमीटर लंबी पीने के पानी की पाइपलाइन बिछाई जानी थी। यह ठंडे बस्ते में चली गई। इसके पाद 2022 में 253 करोड़ रुपये की नई डीपीआर तैयार की गई, लेकिन उस पर भी कोई अमल नहीं हो सका। वर्ष 2024 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनता को अवगत कराया था कि अमृत योजना के तहत खोड़ा में गंगाजल देने के लिए 183 करोड़ रुपये की योजना बनाई गई है। टेंडर प्रक्रिया अगस्त 2024 में शुरू हुई और लगभग एक साल तक चली। चूंकि कोई कंपनी आगे नहीं आई, इसलिए टेक्निकल टेंडर नहीं खोले जा सके और योजना अटक गई।
टैंकरों के जरिये पोस्ट तक पानी पहुंचाया जाएगा
अधिकारियों की मानें तो अभी तक खोड़ा में दो एमएलडी गंगाजल केवल टैंकरों की जरिये ही भेजा जाता है। यह काफी कम रहता है। इसके लिए अब खोड़ा में स्थान चिह्नित कर अस्थायी पोस्ट बनाई जाएगी। यहां टैंकर रुटीन में पहुंचेंगे और पानी को स्टोर कर देंगे। आम लोग अपने क्षेत्र में पीने का पानी टैंकरों से नहीं बल्कि इन पोस्ट से लेंगे। इन पोस्ट पर टैंकरों से पानी पहुंचाया जाएगा।
रविंद्र कुमार मांदड़, जिलाधिकारी, ''खोड़ा में पीने के पानी की योजना पर जब तक शासन से कोई फैसला नहीं आता, तब तक यहां अस्थायी पोस्ट के जरिये लोगों को पानी पहुंचने के लिए कहा गया है। इसके लिए जल निगम से डीपीआर तैयार कराई जा रही है। पानी की आपूर्ति पाइपलाइन के बजाय अस्थायी पोस्ट के जरिये की जाएगी, ताकि लोगों को राहत मिल सके।''





