गैंगरेप और ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर युवती ने दे दी जान, नूंह में सनसनीखेज घटना
हरियाणा के नूंह में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। बिछौर थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक गांव में एक युवती ने गैंगरेप और ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर जहरीला पदार्थ निगलकर जान दे दी। पीड़िता के पिता की शिकायत पर बिछौर पुलिस ने चार युवकों के खिलाफ शिकायत दी है।

हरियाणा के नूंह में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। बिछौर थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक गांव में एक युवती ने गैंगरेप और ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर जहरीला पदार्थ निगलकर जान दे दी। पीड़िता के पिता की शिकायत पर बिछौर पुलिस ने चार युवकों के खिलाफ शिकायत दी है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक, पीड़ित ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि तीन दिन पूर्व रात में वह किसी जरूरी काम से अपने घर से बाहर गया था। घर पर उसकी पत्नी और बेटी मौजूद थीं। आरोप है कि रात करीब 1:00 बजे उसके गांव के ही असद, जाहुल और दो-तीन अन्य युवक उनके घर में घुस आए। एक युवक बाहर निगरानी के लिए खड़ा रहा, जबकि अन्य आरोपियों ने घर के अंदर घुसकर उसकी बेटी के साथ बारी-बारी से रेप किया।
फोटो व वीडियो रिकॉर्ड कर ली
आरोप यह भी है कि आरोपियों ने घटना की फोटो व वीडियो अपने मोबाइल फोन में रिकॉर्ड कर ली। आरोपियों ने युवती को धमकी दी कि यदि उसने किसी को इस बारे में बताया तो उसे जान से मार देंगे। इतना ही नहीं आरोपियों ने युवती को ब्लैकमेल करते हुए कहा कि अगर वह उनसे अकेले नहीं मिली तो उसकी फोटो और वीडियो वायरल कर दी जाएगी।
धमकियों और मानसिक दबाव से परेशान थी
पीड़ित ने पुलिस को बताया कि आरोपियों की धमकियों और मानसिक दबाव से परेशान होकर उसकी बेटी ने मंगलवार को जहरीला पदार्थ निगल लिया। परिजन उसे तुरंत इलाज के लिए एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जहरीला पदार्थ निगलने की पुष्टि की। पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज किए। बाद में युवती को दूसरे अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।
आसपास के क्षेत्र में भारी आक्रोश
इस घटना के बाद से आसपास के क्षेत्र में भारी आक्रोश का माहौल है। परिजनों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की है। बिछौर थाना एसएचओ राजवीर ने बताया कि चार युवकों के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। जांच के बाद ही कुछ बताया जाएगा। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई की जाएगी।
शादी का झांसा देकर रेप का आरोप
गुरुग्राम में एक युवती के साथ शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने, मारपीट करने और जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मंगलवार को सेक्टर-40 थाने में मामला दर्ज कर लिया है।
मूल रूप से उत्तर प्रदेश की रहने वाली एक युवती ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उत्तर प्रदेश के ही मुजफ्फरनगर के रहने वाले एक युवक से दोस्ती हुई थी। दोस्ती के बाद आरोपी ने मार्च 2025 में सेक्टर-45 गुरुग्राम में उसके साथ शादी करने का झूठा वादा किया। आरोप है कि शादी का झांसा देकर आरोपी ने उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
लेखक के बारे में
Subodh Kumar Mishraसुबोध कुमार मिश्रा पिछले 19 साल से हिंदी पत्रकारिता में योगदान दे रहे हैं। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' में स्टेट डेस्क पर बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। दूरदर्शन के 'डीडी न्यूज' से इंटर्नशिप करने वाले सुबोध ने पत्रकारिता की विधिवत शुरुआत 2007 में दैनिक जागरण अखबार से की। दैनिक जागरण के जम्मू एडीशन में बतौर ट्रेनी प्रवेश किया और सब एडिटर तक का पांच साल का सफर पूरा किया। इस दौरान जम्मू-कश्मीर को बहुत ही करीब से देखने और समझने का मौका मिला। दैनिक जागरण से आगे के सफर में कई अखबारों में काम किया। इनमें दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित होने वाली नेशनल दुनिया, नवोदय टाइम्स (पंजाब केसरी ग्रुप), अमर उजाला और हिन्दुस्तान जैसे हिंदी अखबार शामिल हैं। अखबारों के इस लंबे सफर में खबरों को पेश करने के तरीकों से पड़ने वाले प्रभावों को काफी बारीकी से समझने का मौका मिला।
ज्यादातर नेशनल और स्टेट डेस्क पर काम करने का अवसर मिलने के कारण राजनीतिक और सामाजिक विषयों से जुड़ी खबरों में दिलचस्पी बढ़ती गई। कई लोकसभा और विधानसभा चुनावों की खबरों की पैकेजिंग टीम का हिस्सा रहने के कारण भारतीय राजनीति के गुणा-भाग को समझने का मौका मिला।
शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो सुबोध ने बीएससी (ऑनर्स) तक की अकादमिक शिक्षा हासिल की है। साइंस स्ट्रीम से पढ़ने के कारण उनके पास चीजों को मिथ्यों से परे वैज्ञानिक तरीके से देखने की समझ है। समाज से जुड़ी खबरों को वैज्ञानिक कसौटियों पर जांचने-परखने की क्षमता है। उन्होंने मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा किया है। इससे उन्हें खबरों के महत्व, खबरों के एथिक्स, खबरों की विश्वसनीयता और पठनीयता आदि को और करीब से सीखने और लिखने की कला में निखार आया। सुबोध का मानना है कि खबरें हमेशा प्रमाणिकता की कसौटी पर कसा होना चाहिए। सुनी सुनाई और कल्पना पर आधारित खबरें काफी घातक साबित हो सकती हैं, इसलिए खबरें तथ्यात्मक रूप से सही होनी चाहिए। खबरों के चयन में क्रॉस चेकिंग को सबसे महत्वपूर्ण कारक मानने वाले सुबोध का काम न सिर्फ पाठकों को केवल सूचना देने भर का है बल्कि उन्हें सही, सुरक्षित और ठोस जानकारी उपलब्ध कराना भी है।


