राजनगर एक्सटेंशन में आउटर रिंग रोड बनाने का रास्ता साफ
गाजियाबाद, राजनगर एक्सटेंशन में 45 मीटर चौड़ी आउटर रिंग रोड का निर्माण शुरू किया जाएगा। इससे क्षेत्र की जाम की समस्या हल होगी और यातायात सुगमता बढ़ेगी। यह मार्ग हरनंदीपुरम, एयरोसिटी और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम को जोड़ेगा। कुल लागत लगभग 90.91 करोड़ रुपये होगी।

गाजियाबाद, नतिन कौशिक। राजनगर एक्सटेंशन को जाम मुक्त करने की तैयारी है। जीडीए अगले महीने से 45 मीटर चौड़ी आउटर रिंग रोड निर्माण शुरू करा सकता है, जिसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। करीब 90.91 करोड़ की लागत से तैयार होने वाले इस मार्ग के बनने से लोगों को लाभ होगा। साथ ही क्षेत्र में लगने वाली जाम की समस्या भी दूर होगी। राजनगर एक्सटेंशन में 63 से अधिक सोसाइटी हैं, जिसमें दो लाख से अधिक आबादी रहती है। इस क्षेत्र में एक मुख्य मार्ग है, जो जीटी रोड होते हुए एलिवेटेड से दिल्ली-मेरठ रोड को जोड़ता है। इस मार्ग पर वाहनों का सबसे अधिक दबाव रहता है क्योंकि इस मार्ग से गाजियाबाद, मुरादनगर और मोदीनगर से हिंडन एयरफोर्स और एलिवेटेड रोड के जरिये दिल्ली-नोएडा आने जाने वाले वाहन गुजरते हैं। सुबह और शाम के वक्त मार्ग पर सबसे अधिक जाम रहता है। इस समस्या को दूर करने के लिए जीडीए ने 45 मीटर चौड़ी आउटर रिंग रोड बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। अधिकारी बताते हैं कि आउटर रिंग रोड लगभग 5.8 किलोमीटर लंबी होगी, जो क्षेत्र में यातायात सुगमता और शहरी विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इसके तैयार होने से क्षेत्र में जाम की समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी। साथ ही शहर के लिए एक नया रास्ता होगा। इस मार्ग के जरिये वाहन चालक सिटी फॉरेस्ट के पास से सीधा एनपीआर की तरफ जा सकेंगे। आउटर रिंग रोड पर मुख्य मार्ग के साथ सर्विस रोड भी दी जाएगी। इससे यहां स्थानीय वाहनों को भी निकलने में परेशानी न हो और वह मुख्य मार्ग पर भी बाधा न डालें।
हरनंदीपुरम-एयरोसिटी के लोगों को लाभ होगा
साथ ही यहां डिवाइडर, सीवर समेत अन्य कार्य भी किए जाने हैं। वहीं, यहां 15 करोड़ रुपये अतिरिक्त खर्च कर लाइटें भी लगाई जाएंगी।
राजनगर एक्सटेंशन में बनने वाली आउटर रिंग रोड एक महत्वपूर्ण कदम होगा। इस मार्ग से प्राधिकरण की प्रस्तावित तीन योजनाएं जुड़ेंगी। यह मार्ग हरनंदीपुरम आवासीय टाउनशिप, एयरोसिटी व्यावसायिक टाउनशिप और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम को जोड़ेगा। इनके पास से गुजरता हुआ यह मार्ग एनपीआर से जोड़ेगा, जिसके रास्ते दिल्ली-मेरठ रोड पर जाना आसान होगा। इससे दिल्ली से मुरादनगर, मोदीनगर जाने वाले वाहन सीधे इसी मार्ग का इस्तेमाल कर सकेंगे।
आवागमन बेहतर होगा
जीडीए अधिकारी बताते हैं कि सड़क निर्माण से क्षेत्र को बेहतर यातायात सुविधा मिलेगी। राजनगर एक्सटेंशन का जाम भी कम हो सकता है। साथ ही राजनगर एक्सटेंशन के मुख्य मार्ग से भी वाहनों का दबाव कम होगा, क्योंकि आने जाने के लिए कई वैकल्पिक मार्ग होंगे। इससे क्षेत्र में विकास भी तेजी होगा। साथ ही मानचित्र स्वीकृति कर क्षेत्र का सुनियोजित विकास भी होगा, जिससे राजस्व भी प्राप्त होगा। इससे क्षेत्र की अन्य सड़कों के विकास कार्यों पर खर्च किया जाएगा।
वर्जन
राजनगर एक्सटेंशन में आउटर रिंग रोड बनाने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसका टेंडर निकाला गया है। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद इसका निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा। यह मार्ग राजनगर एक्सटेंशन की कई परियोजना से होते हुए गुजरेगी। इसका सभी को फायदा होगा।
--नंद किशोर कलाल, उपाध्यक्ष, जीडीए


