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सोमवार से नॉर्दर्न पेरिफेरल रोड बनेगी, नौ महीनों में मिलेगी जाम से मुक्ति

-जीडीए ने शनिवार को वर्क आर्डर जारी किया, दिल्ली मेरठ रोड से भोपुरा लोनी तक बननी है एनपीआरगाजियाबाद| कार्यालय संवाददातादिल्ली-मेरठ रोड से भोपुरा-लोनी तक प्रस्तावित नॉर्दर्न पेरिफेरल रोड (एनपीआर) का निर्माण सोमवार से शुरू होगा। शनिवार को जीडीए ने इसका वर्क ऑर्डर जारी कर दिया गया है। एनपीआर के बनने से गाजियाबाद से लोनी को जोड़ने वाली एक और अतिरिक्त रोड मिल जाएगी। इसका लाखों लोगों को फायदा होगा और जाम से मुक्ति मिलेगी।दिल्ली-हापुड़ रोड (एनएच-9) से लोनी तक छह लेन (45 मीटर चौड़ी) की करीब 20 किमी लंबी नॉर्दन पेरिफेरल रोड बनेगी। इससे डासना से सीधा लोनी और पूर्वी दिल्ली को जोड़ा जा सकेगा। इसका प्राधिकरण के मास्टर प्लान 2021 में प्रावधान है। जीडीए प्रथम चरण में दिल्ली-मेरठ रोड के मननधाम मंदिर से लोनी तक करीब 12 किमी लंबी रोड बनेगी। इसपर करीब 29 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके बनने से दिल्ली, लोनी की ओर से हरिद्वार और मेरठ की तरफ जाने वाले वाहनों को फायदा होगा। यह गाजियाबाद में एंट्री नहीं कर सकेंगे। इससे गाजियाबाद में ट्रैफिक का दबाव भी कम हो जाएगा और लोगों को जाम की समस्या से भी छुटकारा मिल जाएगा।इन गांवों से गुजरेगी सड़कपहले चरण में दिल्ली-मेरठ हाईवे के मननधाम मंदिर से रोड शाहपुर निज मोरटा, मथुरापुर गांव, शमशेरपुर गांव और चंपतपुर गांव होते हुए लोनी के भनेड़ा खुर्द में जाकर खत्म होगी। इसके बनने से लोगों को काफी फायदा होगा। वहीं, दूसरे चरण में यह रोड दिल्ली -मेरठ हाईवे से शुरू होकर मोरटा, मधुबन बापूधाम, रसूलपुर सिक रोड और दिल्ली मेरठ एक्सप्रेस वे पर डासना से जुड़ेगी।--राजनगर एक्सटेंशन की जोनल रोड भी जुडे़गीएनपीआर को राजनगर एक्सटेंशन की जोनल रोड से भी जोड़ा जाएगा। हालांकि इसका टेंडर अभी होना बाकी है। दिल्ली-मेरठ रोड से लोनी तक प्रस्तावित एनपीआर और जोनल रोड पर करीब 42 करोड़ रुपये खर्च करना प्रस्तावित है। इसका सबसे ज्यादा फायदा राजनगर एक्सटेंशन में बनने वाले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम को होगा। इस स्टेडियम के बनने के बाद यहां तक आना आसान हो जाएगा। --ऐसे बदला रोड का रास्ताइस बाइपास रोड के रास्ते में पावर सबस्टेशन की रुकावट भी आ चुकी है। पहले इस रोड का जो अलाइनमेंट बनाया गया था, उसके रास्ते में बिजली विभाग ने उपकेंद्र बना दिया। इसके चलते शमशेरपुर में रोड के अलाइनमेंट में थोड़ा बदलाव किया गया। इस बदलाव के बाद शमशेरपुर गांव की शुरुआत से कर्व लेकर सीधे चंपतनगर गांव के अंत में जाकर निकलेगा। इससे पहले यह शमशेर गांव के बीच से होते हुए चंपतनगर के पहले ही मुड़ रहा था। --इन्हें होगा फायदाइस रोड के बनने से हापुड़, धौलाना, एनटीपीसी, मेरठ, गाजियाबाद के लोग सीधे लोनी और पूर्वी दिल्ली आ जा सकेंगे। --शहर से कम होगा ट्रैफिक का दबावसेंट्रल रोड रिसर्च इंस्टिट्यूट (सीआरआरआई) की 2009 की रिपोर्ट के अनुसार हर दिन करीब 72 हजार वाहन दिल्ली-मेरठ रोड से होकर दिल्ली या लोनी होते हुए आते जाते हैं। इन वाहनों की संख्या में हर साल 7.5 प्रतिशत की दर से बढ़ोतरी हो रही है। इस हिसाब से अभी यहां से हर दिन करीब सवा लाख वाहन गुजरते हैं। सीआरआरआई ने अपनी रिपोर्ट में सुझाया था कि जीडीए को एनपीआर का काम जल्द से जल्द पूरा करना चाहिए ताकि यह ट्रैफिक जाम में फंसे बिना सीधे आगे जा सके। अनुमान है कि बाइपास बनने शहर में यातायात का दबाव करीब 30 प्रतिशत तक कम हो जाएगा।----वर्जनएनपीआर का वर्क ऑर्डर जारी हो गया है। सोमवार से इसका निर्माण कार्य शुरू होगा। यह रोड को बनाने का लक्ष्य नौ महीने रखा है। -कंचन वर्मा, उपाध्यक्ष. जीडीए

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