वो 5 'खूनी' गेम्स, जिन्होंने ली 3 बहनों की जान; पुलिस ने सरकार से की बैन लगाने की मांग
गाजियाबाद में तीन बहनों के सुसाइड मामले में पुलिस ने 'पॉपी प्लेटाइम' और 'ईविल नन' समेत 5 खतरनाक गेम्स को मौतों का जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस ने उत्तर प्रदेश सरकार को पत्र लिखकर इन ऐप्स पर तुरंत प्रतिबंध लगाने की मांग की है।

गाजियाबाद की हाईराइज बिल्डिंग से तीन सगी बहनों के कूदकर जान देने के मामले में पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। पुलिस को जांच के दौरान उन 5 खतरनाक मोबाइल गेम्स के बारे में पता चला है, जो इन बच्चियों की मौत की वजह बने। अब गाजियाबाद पुलिस ने उत्तर प्रदेश सरकार को चिट्ठी लिखकर इन ऐप्स पर तुरंत बैन (प्रतिबंध) लगाने की मांग की है।
सुसाइड नोट में मिले इन 5 गेम्स के नाम
DCP निमिष पाटिल ने बताया कि बच्चियों के सुसाइड नोट में 5 गेमिंग ऐप्स का जिक्र था। पुलिस ने राज्य सरकार से सिफारिश की है कि इन गेम्स को बैन किया जाए और यह प्रस्ताव केंद्र सरकार को भी भेजा जाएगा।
ये हैं वो 5 गेम्स
- पॉपी प्लेटाइम
- द बेबी इन यलो
- ईविल नन
- आइस क्रीम मैन
- आइस गेम
कोरियाई ड्रामा और 3 साल का अकेलापन
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि ये तीनों बहनें कोरियाई पॉप कल्चर और के-ड्रामा की जबरदस्त लत का शिकार थीं। वे घंटों तक मोबाइल पर इनसे जुड़े वीडियो देखती थीं। पिता ने बताया कि बच्चियों ने पिछले 3 साल से स्कूल जाना छोड़ दिया था और वे पूरी तरह से मोबाइल और ऑनलाइन कंटेंट की दुनिया में खो गई थीं।
क्या छोटे बच्चों के लिए मोबाइल असाइनमेंट बंद हों?
घटना की गंभीरता को देखते हुए यूपी राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता सिंह चौहान ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने जिलाधिकारियों को निर्देश देने की बात कही है कि स्कूलों को कक्षा 5 तक के बच्चों को मोबाइल फोन पर प्रोजेक्ट या असाइनमेंट भेजने से रोका जाए, ताकि बच्चों की मोबाइल लत को कम किया जा सके।
क्या है पूरा मामला?
4 फरवरी की रात करीब 2 बजे, इन तीन बहनों ने अपनी सोसाइटी की 9वीं मंजिल से छलांग लगा दी थी। पुलिस की अब तक की जांच में किसी बाहरी साजिश के सबूत नहीं मिले हैं और इसे आत्महत्या का मामला मानकर ही जांच की जा रही है।


