30 गज जमीन का ऐसा लालच! ग्रेटर नोए़डा में बाप ने ही 13 साल के इकलौते बेटे का गला घोंट दिया
पुलिस के अनुसार प्रदीप ने हिस्सा नहीं मिलने पर अपने भाइयों को फंसाने के लिए बेटे की हत्या की साजिश रची। प्रदीप ने अपने 13 वर्षीय इकलौते बेटे सुधांशु की हत्या कर दी। जंगल में ले जाकर घोंट दिया गला।

ग्रेटर नोएडा के सिरसा गांव में एक पिता ने महज 30 गज जमीन पाने के लिए अपने इकलौते बेटे सुधांशु का गला घोंटकर उसकी जान ले ली। आरोपी प्रदीप का मकसद बेटे की हत्या में भाइयों को फंसाकर जमीन पर कब्जा करना था। इसी लालच में उसने वारदात को अंजाम दिया। पकड़े जाने के बाद उसने अपनी गर्दन पर भी ब्लेड से वार करके खुदकुशी की कोशिश की।
कासना कोतवाली पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक सिरसा गांव के रहने वाले राजबीर सिंह के चार बेटे हैं। प्रदीप अपने भाइयों में दूसरे नंबर का है। प्रदीप का एक बेटा और एक बेटी है। प्रदीप का अपने भाइयों से संपत्ति के बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा है। पुलिस की छानबीन में पता चला है कि चारों भाइयों की बराबर हिस्से की जमीन बंट गई है, जबकि 30 गज जमीन को लेकर विवाद बना हुआ था। यह जमीन मुख्य सड़क पर है, जिसे चारों भाई पाना चाहते हैं। प्रदीप भी मुख्य सड़क पर अपना हिस्सा मांग रहा है, जबकि भाई उसे वहां हिस्सा नहीं दे रहे। इसके चलते वह तनाव में चल रहा था।
पुलिस के अनुसार प्रदीप ने हिस्सा नहीं मिलने पर अपने भाइयों को फंसाने के लिए बेटे की हत्या की साजिश रची। प्रदीप ने अपने 13 वर्षीय इकलौते बेटे सुधांशु की हत्या कर दी। पुलिस की जांच में पता चला है कि प्रदीप का मकसद बेटे की हत्या के आरोप में भाइयों को फंसा कर जेल भेजना और उसके बाद जो हिस्सा वह मांग रहा था, उसे पर कब्जा करना था। लेकिन, वह अपने बुने जाल में फंस गया। प्रदीप ने महज तीस गज जमीन के लिए अपने बेटे को खो दिया। प्रदीप को पता चला कि बेटे की हत्या का राज खुल गया तो उसने खुद को भी मारने की कोशिश की, लेकिन उसे बचा लिया गया।
जंगल में ले जाकर वारदात की
पुलिस के मुताबिक आरोपी पिता प्रदीप बुधवार की शाम 9:00 बजे गली में खेल रहे अपने इकलौते बेटे सुधांशु को कार में बैठाकर जंगल की तरफ ले गया। कार में रस्सी से गला घोंटकर बेटे की हत्या कर दी। इसके बाद घर से एक किलोमीटर दूर सड़क किनारे गड्ढे में भरे पानी में शव को फेंक दिया। इसके बाद वह घर पहुंच गया।
जब देर रात तक बेटा घर नहीं आया तो उसकी तलाश शुरू की। प्रदीप का छोटा भाई मोहित भतीजे के गुम होने की शिकायत लेकर बुधवार की रात करीब 1:30 बजे कासना कोतवाली पहुंचा। इस समय प्रदीप भी अपने भाई मोहित के साथ थाने गया था। पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया और बच्चे की तलाश शुरू की। कोतवाली प्रभारी ने बताया कि जब सीसीटीवी फुटेज खंगालनी शुरू की तो पता चला कि बच्चा कार में पिता के साथ निकाला। पिता से पूछताछ की गई तो पुलिस को गुमराह करना शुरू कर दिया।
पिता ने पहले बताया कि उसने बच्चे को गुलिस्तानपुर गांव में छोड़ दिया, लेकिन वहां बच्चा नहीं मिला। इसके बाद सख्ती से पूछताछ की गई तो वह खुद को मारने लगा। इसी बीच गुरुवार की शाम सड़क किनारे गड्ढे में भरे पानी में एक बच्चे के शव पड़े होने की सूचना मिली। परिजनों ने शव की पहचान सुधांशु के रूप में की।
किराये का लालच बन रहा झगड़े की वजह
कासना क्षेत्र के अधिकांश गांव में मुख्य सड़क पर दुकानें हैं, जिनका किराया आता है। लोगों ने घरों में कमरे बना रखे हैं, जिनमें आसपास की फैक्टरी के श्रमिक किराये पर रहते हैं। गांव में अच्छा खासा किराया आ रहा है। इसी के चलते संपत्ति के बंटवारे को लेकर भाइयों में विवाद बढ़ रहा है। किराये का लालच एक दूसरे के बीच मन मुटाव पैदा कर रहा है। सिरसा गांव में प्रदीप के मन में भी यही लालच था कि मुख्य सड़क की जमीन पर दुकान बनाकर मोटा किराया मिलेगा।
पिता की करतूत से गांव के लोग नाराज
सिरसा गांव में शुक्रवार की सुबह गमगीन माहौल में मासूम के शव का अंतिम संस्कार हुआ। शव यात्रा में शामिल लोगों की आंखें नम थीं। इस घटना के बाद से परिवार के लोगों का रो-रो कर बुरा हाल है। गांव में भी मातम पसरा हुआ है। हर कोई इस घटना को लेकर दुखी है। पिता की करतूत को लेकर लोगों में गुस्सा है।
लेखक के बारे में
Sudhir Jhaसुधीर झा | वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम लीड
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