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स्मार्ट सिटी की बिजली लाइन भूमिगत करने की तैयारी

स्मार्ट सिटी की बिजली लाइन भूमिगत करने की तैयारी

संक्षेप: फरीदाबाद में स्मार्ट सिटी योजना के तहत बिजली लाइनों को भूमिगत करने का कार्य शुरू होने जा रहा है। सेक्टर एरिया के टेंडर राज्य की हाई पावर परचेज कमेटी में भेजे गए हैं। 2,833 करोड़ रुपये के बजट से काम...

Tue, 28 Oct 2025 12:36 AMNewswrap हिन्दुस्तान, फरीदाबाद
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फरीदाबाद। स्मार्ट सिटी में बिजली लाइनों को भूमिगत करने की दिशा में काम शुरू होने जा रहा है। सेक्टर एरिया के टेंडर की फाइलें मंजूरी के लिए राज्य की हाई पावर परचेज कमेटी में भेज दी गईं हैं। वहां से मंजूरी मिलते ही काम शुरू हो जाएगा। इस साल बिजली लाइनों को भूमिगत करने का कार्य शुरू होने की उम्मीद है। वहीं, नहरपार की कार्ययोजना का अभी टेंडर होना बााकी है। 2,833 करोड़ रुपये के बजट से शहर की बिजली लाइनें भूमिगत की जाएंगी। इस बार भविष्य में बिजली की मांग में बढ़ोतरी होने के मद्देनजर स्मार्ट सिटी योजना के तहत केंद्र सरकार के फंड से दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम प्रबंधन ने वितरण व्यवस्था में ढांचागत सुधार करने की योजना तैयार की थी।

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इस कार्ययोजना की डीपीआर डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार होने के बाद टेंडर लगा दिए गए थे। टेंडर खुलने के बाद अब रेट की मंजूरी होनी है। यह कार्य राज्य की हाई पावर परचेज कमेटी करती है। कमेटी से मंजूरी मिलने के बाद यहां काम शुरू हो जाएगा। पहले चरण में सेक्टर एरिया में काम शुरू होगा। कार्य पूरा होने के बाद बारिश के दौरान भी बिजली गुल नहीं होगी। आंधी-बारिश में भी बिजली गुल नहीं होगी गर्मी में बिजली की रिकॉर्ड खपत होती है। 272 लाख यूनिट से ज्यादा बिजली की खपत पहुंच जाती है। इससे बिजली लाइनों में फाल्ट होने लगते हैं। वहीं आंधी के मौसम में बिजली लाइनों पर पेड़ गिर जाते हैं। वहीं कई बार खंभे उखड़ जाते हैं। जिससे बिजली आपूर्ति बाधित हो जाती है। बिजली लाइनों के भूमिगत होने के बाद आंधी और बारिश के मौसम में भी बिजली आपूर्ति निर्बाध रहेगी। कार्य पूरा होने में ढाई वर्ष लगेंगे सेक्टर एरिया और औद्योगिक क्षेत्र में बिजली की लाइनें भूमिगत की जाएंगी। इस परियोजना पर 2,833 करोड़ रुपये खर्च होंगे। कार्य पूरा होने में ढाई वर्ष लगेंगे। यह कार्य दिल्ली बॉर्डर से लेकर डीएनडी-केएमपी एक्सप्रेसवे और दिल्ली-आगरा हाईवे के बीच वाले सेक्टरों में पहले किया जाएगा। सेक्टर एरिया में हाई पावर परचेज कमेटी से मंजूरी मिलते ही तारों को भूमिगत करने का काम शुरू हो जाएगा। नहरपार के इलाके के लिए अभी टेंडर प्रक्रिया नहीं हुई है। -अशोक कुमार गर्ग, प्रबंध निदेशक