सुबह राखी बंधवाई, शाम में पिता के लिए बनाया खाना; फिर 100 रुपये लेकर ट्रेन के आगे कूद गया युवक
फरीदाबाद में एक 26 वर्षीय युवक ने ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जान दे दी। युवक ने बहन से राखी बंधवाई और फिर शाम में पिता के लिए खाना बनाया। इसके बाद पिता से 100 रुपये उधार लेकर घर से निकल गया था।

फरीदाबाद में एक मानसिक रूप से परेशान एक 26 वर्षीय युवक ने ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। कैंसर से पीड़ित उसकी मां की डेढ़ महीने मृत्यु हुई थी जिसके बाद से ही वे मानसिक तौर पर परेशान रहने लगा था। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। युवक ने रक्षाबंधन के दिन सुबह बहन से राखी बंधवाई और फिर शाम में पिता के लिए खाना पकाया और खुद परोसा भी। इसके बाद अगले दिन वह घर से निकल गया मगर वापस नहीं लौटा।
मृतक की पहचान प्रवेश के रूप में हुई है। प्रवेश के परिवार के मुताबिक, प्रवेश की बहन ने रक्षाबंधन की सुबह उसे राखी बांधी थी। इसके बाद शाम में प्रवेश ने अपने पिता के लिए खाना भी बनाया और परोसा। यही नहीं अगले दिन यानी शनिवार को भी वह परिवार के साथ ही रहा और फिर शाम में घर से निकल गया।
100 रुपये लेकर घर से निकला
पुलिस ने बताया ‘खाने के बाद प्रवेश ने अपने पिता से कहा कि वह बाहर जा रहा है और जल्द ही वापस लौटेगा। इसके बाद उसने पिता से 100 रुपये भी लिए।’
देर रात तक वापस नहीं आया तो…
पुलिस के मुताबिक, इसके बाद जब वह देर रात तक वापस नहीं आया तो परिवार के सदस्यों ने उनसे ढूंढना शुरू मगर उसका कहीं पता नहीं चल सका। अगली सुबह, परिवार को रेलवे पुलिस ने जानकारी दी कि एक युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई है। इसके बाद परिवार के सदस्य घटनास्थल पर पहुंचे और मृतक की पहचान प्रवेश के रूप में हुई। रेलवे पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद युवक के शव को परिवार को सौंप दिया और मामले की आगे की जांच जारी है।
ईयरफोन लगा वीडियो देख रहे थे, ट्रेन ने रौंदा
फरीदाबाद जिले में बाटा स्टेशन के पास रेल पटरी पर बैठे 20 साल के एक युवक और 17 साल के किशोर की शनिवार को ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। जिला पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान उत्तर प्रदेश के बदायूं निवासी सौरभ (20) और जितेश (17) के तौर पर हुई है और दोनों रेलवे स्टेशन के पास कृष्णा कॉलोनी झुग्गी बस्ती में रहते थे। यह घटना दिल्ली-आगरा रेलमार्ग की चौथी रेलवे लाइन पर शाम करीब 4 बजकर 30 मिनट पर हुई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दोनों पीड़ित अपने मोबाइल फोन पर ईयरफोन लगाकर वीडियो देख रहे थे, तभी ओल्ड फरीदाबाद की तरफ से पलवल की ओर एक सुपरफास्ट ट्रेन गुजरी। उन्होंने बताया कि आस-पास मौजूद लोगों ने चिल्लाकर उन्हें आगाह करने की कोशिश की और लोको पायलट ने भी सीटी बजाई, लेकिन बताया जा रहा है कि दोनों का ध्यान नजदीक आ रही ट्रेन की ओर नहीं गया।


