काम की बात: DTC ने शुरू किया यात्री फीडबैक सर्वे, QR कोड स्कैन कर आप भी ले सकते हैं हिस्सा
DTC Passengers Feedback Survey : डीटीसी एक ऑनलाइन पब्लिक फीडबैक सर्वे कर रहा है। एक QR कोड स्कैन करके कोई भी व्यक्ति सर्वें में हिस्सा ले सकता है। इस सर्वे में यात्रियों को सफर के दौरान होने वाली दिक्कतों और उनके अनुभवों को समझने के लिए कुछ आसान से सवाल पूछे जा रहे हैं।

अगर आप भी दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (DTC) बसों में सफर करते हैं तो यह खबर आपके लिए है। डीटीसी ने सफर के दौरान यात्रियों के अनुभव और उम्मीदों को समझने के लिए एक ऑनलाइन पब्लिक फीडबैक सर्वे शुरू किया है। इस सर्वे में शामिल होने के लिए लोगों को एक QR कोड स्कैन करके अपने फीडबैक के तौर पर कुछ आसान से सवालों के जवाब देने होंगे। यह सर्वे बस रूट को बेहतर बनाने के लिए चल रहे अध्ययन का हिस्सा है।
एक अधिकारी ने बताया कि DTC यात्रियों से फीडबैक लेने के लिए एक सर्वे कर रहा है, जिसका उद्देश्य यात्रियों के सफर के तरीकों, एक्सपीरियंस और उम्मीदों को बेहतर ढंग से समझना है। इस सर्वे में मिलने वाले फीडबैक से सुधार की गुंजाइश वाले कामों की पहचान करने मिलेगी, ताकि दिल्ली के लिए और अधिक कुशल यात्री केंद्रित बस नेटवर्क विकसित किया जा सके।
बस रूट रैशनलाइजेशन स्टडी से क्या होगा फायदा
अधिकारी ने बताया कि यह सर्वे दिल्ली के बस नेटवर्क की क्षमता और कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए की जा रही बस रूट रैशनलाइजेशन स्टडी का हिस्सा है। इस साल जनवरी में दिल्ली के परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने बस रूट रैशनलाइजेशन स्टडी कराने की घोषणा की थी।
सर्वे में पूछे जा रहे ऐसे सवाल
सर्वे में यात्रियों को अपनी यात्रा की आदतों के बारे में जानकारी देनी होगी, जैसे कि वे आने-जाने के लिए बस या किसी अन्य वाहन का इस्तेमाल करते हैं? किस तरह के पास का इस्तेमाल करते हैं और उनकी यात्रा का समय क्या है। लोग बस सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सुझाव भी दे सकते हैं।
अधिकारियों ने बताया कि यह कवायद आईआईटी दिल्ली और दिल्ली ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन की ओर से की जा रही है। इससे दिल्ली के बस नेटवर्क का मजबूत, डेटा-आधारित और बेहतर री-डिजाइन सुनिश्चित होगा, जिससे लोगों की पहुंच और सर्विस की क्वालिटी में सुधार आएगा।
'लास्ट-माइल कनेक्टिविटी' बेहतर कर रही डीटीसी : परिवहन मंत्री
परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने कहा कि बस कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के मकसद से दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन तेजी से काम कर रहा है। मंत्री के अनुसार, फर्स्ट और लास्ट-माइल कनेक्टिविटी को बेहतर बनाकर हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि ज्यादा से ज्यादा नागरिक मेट्रो स्टेशनों, प्रमुख ट्रांसपोर्ट हब, शिक्षण संस्थानों और कार्यस्थलों तक आसानी से पहुंच सकें।
बता दें कि, डीटीसी के बेड़े में फिलहाल लगभग 6300 बसें हैं, जिनमें 4538 इलेक्ट्रिक बसें और 1759 सीएनजी बसें शामिल हैं। बता दें कि डीटीसी अब अपनी सभी 15 साल पुरानी सीएनजी लो-फ्लोर बसों को हटाकर उनकी जगह इलेक्ट्रिक बसें ला रहा है।


