
गुरुग्राम की एस्टेयर गार्डन सोसाइटी में फैला डायरिया, करीब 50 लोग बीमार
गुरुग्राम के सेक्टर-70ए स्थित एस्टेयर गार्डन सोसाइटी में दूषित पानी की सप्लाई से डायरिया फैल गया है। करीब 50 लोग उल्टी-दस्त की चपेट में है। इस सिलसिले में जीएमडीए और स्वास्थ्य विभाग में शिकायत दी गई है। एक बुजुर्ग को अस्पताल में दाखिल करवाने की नौबत आ गई।
गुरुग्राम के सेक्टर-70ए स्थित एस्टेयर गार्डन सोसाइटी में दूषित पानी की सप्लाई से डायरिया फैल गया है। करीब 50 लोग उल्टी-दस्त की चपेट में है। इस सिलसिले में जीएमडीए और स्वास्थ्य विभाग में शिकायत दी गई है। एक बुजुर्ग को अस्पताल में दाखिल करवाने की नौबत आ गई।
इस सोसाइटी में करीब एक हजार परिवार रहते हैं। लंबे समय से यह परिवार पानी के लिए पूरी तरह से टैंकर पर निर्भर थे। पिछले एक सप्ताह से इनकी सोसाइटी में गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) से पीने का पर्याप्त पानी पहुंच रहा है। पिछले दो दिन के अंदर इस सोसाइटी के 50 लोग डायरिया की चपेट में आ चुके हैं। वे उल्टी-दस्त से परेशान हैं। इसमें अधिकांश बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं। सूचना मिलने के बाद आरडब्ल्यूए सतर्क हो गई। आरडब्ल्यूए ने पीने के पानी के नमूने लेकर जांच के लिए जनस्वास्थ्य विभाग में दिए हैं, जिसकी रिपोर्ट शुक्रवार तक आने की उम्मीद है।
अभी यह पता नहीं चल सका है कि जीएमडीए की तरफ से दूषित पानी की आपूर्ति की गई या सोसाइटी परिसर में कोई दिक्कत है या पाइप लाइन कहीं से लीक है। सोसाइटी परिसर में इस मामले की जांच की जा रही है। इसके बाद स्थिति स्पष्ट हो पाएगी कि किसकी लापरवाही की वजह से डायरिया फैला है।
सीवर ट्रीटमेंट प्लांट का पानी चला गया
इस सोसाइटी के एक निवासी ने बताया कि सोसाइटी में रखरखाव कर रही एजेंसी के एक कर्मचारी से बात की गई थी। उसने बताया है कि 8 दिसंबर को ग्रीन एरिया में सीवर ट्रीटमेंट प्लांट का गंदा पानी देने के दौरान वॉल्व गलत खुल गया था। इससे शोधित पानी घरों में सप्लाई हो गया, जिसकी वजह से इस तरह की दिक्कत आई है। यह सूचना आरडब्ल्यूए प्रधान को भी मिली मिली है, जिसकी जांच की जा रही है। जांच के बाद इस मामले में कितनी सच्चाई है, इसका पता चल पाएगा।
जसवंत सिंह, प्रधान, एस्टेयर गार्डन सोसाइटी, ''दूषित पानी पीने की वजह से एस्टेयर गार्डन सोसाइटी में करीब 50 लोग बीमार हो गए हैं। जांच की जा रही है कि दूषित पानी की आपूर्ति नलों से कैसे हुई है। पानी की जांच के लिए नमूने लेकर जनस्वास्थ्य विभाग को भेज दिए हैं, जिसकी रिपोर्ट शुक्रवार तक आ जाएगी। सूचना मिली है कि सीवर शोधन संयंत्र से निकल रहा पानी पेयजल लाइन में मिला है, जिस वजह से यह स्थिति बनी है। इस तरफ भी जांच की जा रही है।''
अभिनव वर्मा, कार्यकारी अभियंता, जीएमडीए, ''इस सोसाइटी में अंदरूनी कमी के चलते ऐसा हुआ है। शिकायत मिलने के बाद जांच की है। जीएमडीए की पाइप लाइन के माध्यम से स्वच्छ पानी की आपूर्ति हो रही है। सोसाइटी निवासियों को सोसाइटी परिसर में दूषित पानी की आपूर्ति की जांच करनी चाहिए।''





