Delhi Weather Today: बारिश से सुबह की शुरुआत, अगले 3 दिनों तक कैसा मौसम; IMD ने बताया
Delhi Weather Today: दिल्ली में बुधवार को बारिश के साथ लोगों की नींद खुली। सुबह से ही कई इलाकों में हल्की बारिश देखी गई। मौसम विभाग ने अगले तीन दिन तक तेज हवाओं के साथ बारिश होने की संभावना जताई है। इससे तापमान में कमी आएगी और मौसम खुशनुमा बना रहेगा।

Delhi Weather Today: राजधानी दिल्ली में बुधवार सुबह से ही बादल छाए हुए हैं। कई इलाकों में हल्की बारिश भी हो रही है। मंगलवार को भी दिनभर बादल छाए रहे और राजधानी के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। इससे तापमान में गिरावट आई। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक तेज हवाओं के साथ बारिश होने का अनुमान जताया है।
मौसम विभाग के अनुसार, पिछले 24 घंटों में सफदरजंग में 10.6 मिमी, पालम में 15 मिमी, लोधी रोड में 12.2 मिमी, रिज में 18.6 मिमी और आयानगर में 17.4 मिमी बारिश दर्ज की गई। मंगलवार को सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच पालम में 9.6 मिमी, सफदरजंग में 0.6 मिमी, लोधी रोड में 0.8 मिमी और आयानगर में 17.7 मिमी बारिश हुई, जबकि रिज में बहुत कम बारिश दर्ज की गई। आईएमडी के अनुसार, बुधवार को भी मौसम के हालात ऐसे ही रहने की उम्मीद है। अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
सामान्य से कम रहा अधिकतम तापमान
पूरे शहर में दिन का तापमान सामान्य से काफी कम रहा। सफदरजंग में अधिकतम तापमान 31.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.7 डिग्री कम था। पालम में 30.7 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 4.2 डिग्री कम), लोधी रोड में 31.1 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 2.9 डिग्री कम), रिज में 30.9 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 3.1 डिग्री कम) और आयानगर में 29.4 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 5.4 डिग्री कम) दर्ज किया गया।
कहां कितना न्यूनतम तापमान
ज़्यादातर स्टेशनों पर न्यूनतम तापमान भी सामान्य से कम रहा। सफदरजंग में 25.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.7 डिग्री कम था। पालम में 23.6 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 3.3 डिग्री कम), लोधी रोड में 25 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 1 डिग्री कम), रिज में 22.4 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 3.9 डिग्री कम) और आयानगर में 25.8 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 0.6 डिग्री कम) तापमान दर्ज किया गया।
संतोषजनक रहा AQI
सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, मंगलवार शाम 4 बजे दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 69 था। सीपीसीबी के अनुसार, 51 से 100 के बीच AQI को 'संतोषजनक' माना जाता है, जबकि 0-50 को 'अच्छा', 101-200 को 'मध्यम', 201-300 को 'खराब', 301-400 को 'बहुत खराब' और 401-500 को 'गंभीर' श्रेणी में रखा जाता है।
जलभराव रोकने के लिए समन्वय समिति बनीं
जलभराव की समस्या का समाधान करने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर 13 जिलों में जिला स्तरीय समन्वय समितियों का गठन किया गया है। इसमें नगर निगम के उपायुक्त, सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग के कार्यकारी अभियंता, लोक निर्माण विभाग के कार्यकारी अभियंता, दिल्ली जल बोर्ड और दिल्ली विकास प्राधिकरण के संबंधित कार्यकारी अभियंता तथा संबंधित जिले के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (यातायात) शामिल होंगे।
लेखक के बारे में
Subodh Kumar Mishraसुबोध कुमार मिश्रा पिछले 19 साल से हिंदी पत्रकारिता में योगदान दे रहे हैं। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' में स्टेट डेस्क पर बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। दूरदर्शन के 'डीडी न्यूज' से इंटर्नशिप करने वाले सुबोध ने पत्रकारिता की विधिवत शुरुआत 2007 में दैनिक जागरण अखबार से की। दैनिक जागरण के जम्मू एडीशन में बतौर ट्रेनी प्रवेश किया और सब एडिटर तक का पांच साल का सफर पूरा किया। इस दौरान जम्मू-कश्मीर को बहुत ही करीब से देखने और समझने का मौका मिला। दैनिक जागरण से आगे के सफर में कई अखबारों में काम किया। इनमें दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित होने वाली नेशनल दुनिया, नवोदय टाइम्स (पंजाब केसरी ग्रुप), अमर उजाला और हिन्दुस्तान जैसे हिंदी अखबार शामिल हैं। अखबारों के इस लंबे सफर में खबरों को पेश करने के तरीकों से पड़ने वाले प्रभावों को काफी बारीकी से समझने का मौका मिला।
ज्यादातर नेशनल और स्टेट डेस्क पर काम करने का अवसर मिलने के कारण राजनीतिक और सामाजिक विषयों से जुड़ी खबरों में दिलचस्पी बढ़ती गई। कई लोकसभा और विधानसभा चुनावों की खबरों की पैकेजिंग टीम का हिस्सा रहने के कारण भारतीय राजनीति के गुणा-भाग को समझने का मौका मिला।
शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो सुबोध ने बीएससी (ऑनर्स) तक की अकादमिक शिक्षा हासिल की है। साइंस स्ट्रीम से पढ़ने के कारण उनके पास चीजों को मिथ्यों से परे वैज्ञानिक तरीके से देखने की समझ है। समाज से जुड़ी खबरों को वैज्ञानिक कसौटियों पर जांचने-परखने की क्षमता है। उन्होंने मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा किया है। इससे उन्हें खबरों के महत्व, खबरों के एथिक्स, खबरों की विश्वसनीयता और पठनीयता आदि को और करीब से सीखने और लिखने की कला में निखार आया। सुबोध का मानना है कि खबरें हमेशा प्रमाणिकता की कसौटी पर कसा होना चाहिए। सुनी सुनाई और कल्पना पर आधारित खबरें काफी घातक साबित हो सकती हैं, इसलिए खबरें तथ्यात्मक रूप से सही होनी चाहिए। खबरों के चयन में क्रॉस चेकिंग को सबसे महत्वपूर्ण कारक मानने वाले सुबोध का काम न सिर्फ पाठकों को केवल सूचना देने भर का है बल्कि उन्हें सही, सुरक्षित और ठोस जानकारी उपलब्ध कराना भी है।


