
उमर खालिद-शरजील इमाम से पूछा घर का पता, SC ने फिर टाल दी दिल्ली दंगों के आरोपियों की जमानत
सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली हिंसा की साजिश के आरोप में जेल में बंद पूर्व छात्र नेता उमर खालिद, शरजील इमाम और अन्य आरोपियों को अगली सुनवाई तक अपना स्थायी घर का पता बताने का निर्देश दिया है।
सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को दिल्ली हिंसा की साजिश के आरोप में आतंकवाद निरोधक कानून के तहत जेल में बंद जेएनयू के पूर्व छात्र नेता उमर खालिद, शरजील इमाम और अन्य आरोपियों को अगली सुनवाई तक अपने घर का स्थाई पता बताने का निर्देश दिया।
शीर्ष अदालत ने आरोपियों की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई 9 दिसंबर तक स्थगित करते हुए यह निर्देश दिया है। जस्टिस अरविंद कुमार और एन.वी. अंजारिया की पीठ ने उमर खालिद, शरजील इमाम, गुलफिशा फातिमा, मीरान हैदर, शिफा उर रहमान, मोहम्मद सलीम खान और शादाब अहमद की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई कर रही है। बुधवार को समय की कमी के चलते सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई स्थगित कर दी। सुनवाई शुरू होते ही, वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ दवे ने पीठ से कहा कि अपनी दलीलें पूरी करने के लिए उन्हें एक घंटे का वक्त चाहिए।
इसके बाद पीठ ने कहा कि हर एक याचिकाकर्ताओं की दलील 15 मिनट तक सीमित होनी चाहिए और दिल्ली पुलिस का जवाब आधे घंटे तक सीमित होना चाहिए। इसके बाद दिल्ली पुलिस की ओर से अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एस.वी. राजू ने पीठ से कहा कि वह 9 दिसंबर को उपलब्ध नहीं हो सकते हैं। इस पर सुनवाई स्थगित कर दी गई।





