उसी दिन दिल्ली लौटा था अर्पित, अब मलबे में बेटे की तलाश; सत्य निकेतन हादसे की यह कहानी रुला देगी
सत्य निकेतन हादसे में सात लोगों के शव बरामद हो चुके हैं और अब भी कई लापता हैं। इनमें एमपी का अर्पित भी है। उसकी मां बेटे को मलबे में तलाश रही है। बताया कि राखी के बाद वह हादसे के दिन ही दिल्ली लौटा था।

दक्षिण दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में रविवार को एक दुखद घटना हो गई। यहां पांच मंजिला इमारत के अचानक ढह जाने से सात लोगों की मौत हो गई है और करीब 30 छात्रों के अब तक मलबे में दबे होने की आशंका है। यह इमारत पेइंग गेस्ट (पीजी) आवास के तौर पर इस्तेमाल हो रही थी। सोमवार को एनडीआरएफ ने बताया कि बचाव कर्मियों ने अब तक मलबे से 12 लोगों को बाहर निकाल लिया है। बचाव अभियान आज भी जारी रह सकता है। हादसे ने कई परिवारों को बर्बाद कर दिया। लापता लोगों में मध्य प्रदेश के देवास का अर्पित भी है। उसकी मां का रो-रोकर बुरा हाल है। वह मलबे में अपने बेटे को तलाश रही है।
एनडीआरएफ के महानिरीक्षक (आईजी) नरेंद्र बुंदेला ने कहा कि सत्य निकेतन हादसे के बाद मलबे के नीचे फंसे लोगों की संख्या को लेकर कोई निश्चित आंकड़ा नहीं है। उन्होंने बताया कि एनडीआरएफ घटनास्थल पर लोगों के जिंदा होने के संकेतों की तलाश के लिए कटर, हाइड्रोलिक जैक और प्रशिक्षित श्वान दलों का इस्तेमाल कर रहा है। रविवार से ही एनडीआरएफ की दो तकनीकी टीम घटनास्थल पर तैनात हैं।
अब तक सात लोगों के शव निकाले गए
पुलिस ने बताया कि हादसे में सात लोगों की मौत हुई है। बुंदेला के अनुसार, एनडीआरएफ और दिल्ली सरकार की सहयोगी एजेंसियों द्वारा चलाया जा रहा बचाव अभियान सोमवार देर रात तक जारी रहने की संभावना है।
लापता लोगों में एमपी का अर्पित भी
सत्य निकेतन इलाके में बिल्डिंग गिरने के बाद मलबे के नीचे अभी भी कई छात्र लापता हैं। इनमें मध्य प्रदेश के देवास का रहने वाला अर्पित भी है। उसकी मां ने बताया कि अर्पित राखी के लिए घर आया था। हादसे के दिन ही दिल्ली गया था। मां का रो-रोकर बुरा हाल है। वह बचाव कर्मियों के साथ मलबे में अपने बेटे की तलाश कर रही है।
देवास के जय बजरंग नगर निवासी 18 वर्षीय अर्पित प्रजापति के मलबे में दबने की जानकारी परिवार को सोशल मीडिया के माध्यम से मिली। खबर सामने आते ही पूरे मोहल्ले में शोक की लहर दौड़ गई है।
बिल्डिंग मालिक के खिलाफ लुकआउट नोटिस
उधर, दिल्ली पुलिस ने भवन मालिक हरि राम के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया है। पुलिस सूत्र ने बताया कि घटना के लिए कथित रूप से जिम्मेदार लोगों का पता लगाने के प्रयासों के बीच हरि राम के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया गया है। इससे पहले पुलिस ने साउथ कैंपस थाने में हरि राम और अन्य लोगों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या, इमारत के रखरखाव में लापरवाही और दूसरों की सुरक्षा को खतरे में डालने के आरोप में मामला दर्ज किया था।
हाई कोर्ट में जनहित याचिका
सत्य निकेतन हादसे को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई है। जनहित याचिका में मृतक छात्रों के परिवारों के लिए 1 करोड़ रुपये के मुआवजे के साथ-साथ घायल छात्रों के लिए उचित मुआवजे की मांग की गई है। याचिका में घटना के परिणामस्वरूप दिव्यांग हुए छात्रों के लिए रोजगार सुरक्षा की भी मांग की गई है।


