
दिल्ली-NCR में कोहरे और प्रदूषण का डबल अटैक, आज भी छाये रहेंगे बादल; सीजन का सबसे ठंडा दिन
Delhi Pollution: दिल्ली-एनसीआर में कड़ाके की ठंड और जहरीले प्रदूषण ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं; गुरुवार सीजन का सबसे ठंडा दिन रहा और औसत AQI 375 तक पहुँच गया, जिससे अगले कुछ दिनों तक राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
दिल्ली-एनसीआर में ठंड और प्रदूषण का दोहरा हमला शुरू हो गया है। गुरुवार को राजधानी में जहां इस सीजन का सबसे ठंडा दिन दर्ज किया गया, वहीं वायु गुणवत्ता सूचकांक भी छलांग लगाकर 375 तक पहुंच गया। अधिकतम तापमान में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई। घना कोहरा छाने से दृश्यता के स्तर में कमी दर्ज की गई।
कल रहा सीजन का सबसे ठंडा दिन
मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को अधिकतम तापमान 20.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह सामान्य से 2.1 डिग्री सेल्सियस कम था। न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया और यह सामान्य से 0.9 डिग्री सेल्सियस अधिक दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान में बुधवार की तुलना में गुरुवार को 4 डिग्री सेल्सियस से अधिक की कमी दर्ज की गई।
आज भी छाये रहेंगे बादल, कोहरे का अलर्ट
राजधानी और उसके निकटवर्ती इलाकों में सुबह से घना कोहरा छाया रहा। मौसम विभाग ने बताया कि शुक्रवार को दिल्ली में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे, जबकि सुबह के समय कई इलाकों में मध्यम कोहरा और कुछ स्थानों पर घना कोहरा देखने को मिल सकता है। रात के समय हल्की धुंध या उथला कोहरा बने रहने की संभावना है। अधिकतम तापमान 22 डिग्री तथा न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, घने कोहरे और हवा की धीमी गति ने प्रदूषण की स्थिति को और गंभीर बना दिया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मुताबिक, राजधानी के 14 स्थानों पर वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 से अधिक रहा जबकि औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 375 रहा। विभाग के अनुसार, अगले दो से तीन दिनों तक प्रदूषण से राहत के आसार नहीं हैं।
वहीं, दिल्ली में अधिकतम तापमान 20.1 डिग्री दर्ज किया गया जो सामान्य से 2.1 डिग्री कम है। अधिकतम तापमान में बुधवार की तुलना में गुरुवार को चार डिग्री से अधिक की कमी दर्ज की गई। वहीं, न्यूनतम तापमान नौ डिग्री रहा।
आठ वर्षों में दिसंबर में सबसे खराब हवा
दिल्ली में इस बार दिसंबर के महीने का औसत प्रदूषण बीते आठ वर्षों में सबसे ज्यादा रहा है। जबकि, गुरुवार का दिन इस साल दूसरा सबसे खराब दिन रहा। आंकड़ों के मुताबिक, इस बार दिसंबर के 18 दिनों का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 343 अंक पर रहा है। जो वर्ष 2018 के बाद से सबसे ज्यादा है। इन 18 दिनों में एक दिन भी वायु गुणवत्ता सूचकांक 200 के नीचे नहीं रहा।





