काम की बात: दिल्ली में 2026 के अंत तक शुरू होंगे मेट्रो के ये 3 नए सेक्शन, जानें आपके इलाके में कब पहुंचेगी ट्रेन
Delhi Metro News : दिल्ली में इस साल के अंत तक मेट्रो के 3 नए कॉरिडोर (कृष्णा पार्क-दीपाली चौक, मजलिस पार्क-आर.के. आश्रम और तुगलकाबाद-एरोसिटी) पूरे करने का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने समीक्षा बैठक के बाद बताया कि फेज-4 के अन्य हिस्सों और फेज-5(A) पर भी काम तेज कर दिया गया है।

Delhi Metro News : दिल्ली में इस वर्ष के अंत तक निर्माणाधीन मेट्रो लाइन के तीन कॉरिडोर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें कृष्णा पार्क एक्सटेंशन से दीपाली चौक, मजलिस पार्क से आर. के. आश्रम और तुगलकाबाद से एरोसिटी कॉरिडोर शामिल हैं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस बारे में जानकारी देते हुए कहा कि दिल्ली को जाम मुक्त करने के लिए सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को लगातार मजबूत किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने दिल्ली मेट्रो और उससे जुड़े सड़क एवं फ्लाईओवर परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा के लिए डीएमआरसी के प्रबंध निदेशक सहित वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। मुख्यमंत्री को बताया गया कि दिल्ली मेट्रो का वर्तमान नेटवर्क 416 किलोमीटर में फैला है, जिसमें 303 स्टेशन, 12 लाइनें और 32 इंटरचेंज स्टेशन शामिल हैं। इसके अतिरिक्त 104.45 किलोमीटर लंबा नेटवर्क और 81 स्टेशन निर्माणाधीन हैं।
इन कॉरिडोर के खुलने का इंतजार
बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने बताया कि मजलिस पार्क से मौजपुर, दीपाली चौक से मजलिस पार्क और जनकपुरी पश्चिम से कृष्णा पार्क एक्सटेंशन जैसे महत्वपूर्ण सेक्शन चालू हो चुके हैं। वहीं कृष्णा पार्क एक्सटेंशन से दीपाली चौक, मजलिस पार्क से आर. के. आश्रम और तुगलकाबाद से एरोसिटी जैसे प्रमुख कॉरिडोर दिसंबर 2026 तक पूरे किए जाने का लक्ष्य है। नए मेट्रो कॉरिडोर खुलने से कई हिस्से बेहतर तरीके से आपस में जुड़ जाएंगे।
इन पर भी काम हो रहा
फेज-4 के शेष तीन कॉरिडोर लाजपत नगर से साकेत जी ब्लॉक (8.38 किमी), इंद्रलोक से इंद्रप्रस्थ (12.37 किमी) और रिठाला से कुंडली (26.46 किमी) पर भी कार्य प्रारंभ हो चुका है। इन्हें मार्च 2029 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा फेज-5 (ए) परियोजनाओं पर भी तेजी से काम शुरू हो गया है। इनमें आर. के. आश्रम मार्ग से इंद्रप्रस्थ, एरोसिटी से आईजीआई एयरपोर्ट टर्मिनल-1 और तुगलकाबाद से कालिंदी कुंज शामिल हैं।
नई तकनीक-सुविधाओं से लैस हो रही ब्लू लाइन मेट्रो
वहीं, यात्रियों को और बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने के लिए ब्लू लाइन की सभी मेट्रो ट्रेनों का नवीनीकरण किया जा रहा है। इसमें डिजिटल रूट मैप, डिस्प्ले सिस्टम, लैपटॉप, मोबाइल चार्जिंग सहित कई अन्य सुविधाएं शामिल की गई हैं। इन्हें सीसीटीवी से भी लैस किया जा रहा है। ब्लू लाइन के लिए डीएमआरसी के नेटवर्क में 70 मेट्रो ट्रेनें हैं। वर्ष 2002-2007 के बीच डीएमआरसी के नेटवर्क में शामिल की गईं ट्रेनें 19-24 वर्ष पुरानी हो चुकी हैं। डीएमआरसी के प्रधान कार्यकारी निदेशक (जनसंपर्क) अनुज दयाल ने बताया कि फेज एक की 12 और फेज दो की 18 ट्रेनों के नवीनीकरण का काम पूरा हो चुका है। इन ट्रेनों के अंदरूनी हिस्सों और सिस्टम दोनों में बड़े सुधार किए गए।
कई सुधार किए गए
डीएमआरसी का कहना है कि पुरानी ट्रेनों में सीसीटीवी कैमरे नहीं होते थे। अब इनमें सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। ट्रेनों के कोच में डिस्प्ले स्क्रीन के साथ एलसीडी आधारित रूट मैप इंस्टाल किए गए हैं। इससे ट्रेनों के आगमन की वास्तविक समय में जानकारी मिल पाती है। आपातकालीन परिस्थितियों में यात्री व ट्रेन ऑपरेटर के बीच संवाद की सुविधा भी दी गई है। सभी कोचों में धुआं और तापमान सेंसर वाले नए फायर डिटेक्शन प्रणाली लगाई गई है।


