
दिल्लीवालों की बल्ले-बल्ले! जल बोर्ड ने माफ किए 1000 करोड़ के बिल, अभी भी स्कीम जारी
दिल्ली जल बोर्ड की देरी शुल्क माफी योजना से उपभोक्ताओं को बड़ा लाभ मिला है, 40 दिनों में ही लगभग 1.25 लाख लोगों के₹1000 करोड़ रुपये से अधिक का देरी शुल्क माफ हुआ है। योजना का लाभ 31 जनवरी तक लिया जा सकता है।
दिल्ली जल बोर्ड द्वारा देरी शुल्क को लेकर चलाई जा रही माफी योजना में 40 दिनों के भीतर उपभोक्ताओं के एक हजार करोड़ रुपये माफ हुए हैं। इस अवधि में लगभग 1.25 लाख लोगों ने योजना का लाभ उठाया। उनके द्वारा लगभग 97 करोड़ रुपये बोर्ड में पुराने बिल की राशि के रूप में जमा कराए गए हैं। योजना के तहत आगामी जनवरी माह तक पुराने बिल जमा कराने पर देरी शुल्क में 100 फीसदी की छूट सरकार द्वारा दी जा रही है।
जानकारी के अनुसार दिल्ली में लाखों लोगों द्वारा वर्षों से पानी के बिल नहीं चुकाए गए हैं। इसके चलते उनकी बिल राशि पर कई गुना देरी शुल्क लगाया गया है। इस वजह से कई लोगों के पानी के बिल से कई गुना अधिक देरी शुल्क हो चुका है। ऐसे भारी भरकम बिल को लोगों द्वारा केवल इसलिए नहीं चुकाया जा रहा था क्योंकि उसमें देरी शुल्क लाखों रुपये का है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता एवं जल मंत्री प्रवेश वर्मा द्वारा ऐसे बिलों के लिए बीते 15 अक्तूबर को माफी योजना शुरू की गई थी। इस योजना के तहत बकाया बिल 31 जनवरी तक जमा कराने वाले लोगों को देरी शुल्क में 100 फीसदी की छूट दी गई है। इस योजना में अगले 65 दिनों तक बिल जमा कराने वालों को 100 फीसदी जबकि 1 फरवरी से 31 मार्च के बीच बिल जमा कराने वालों को देरी शुल्क में 70 फीसदी की छूट दी जाएगी।
पानी के बिल में दो फीसदी लगेगा देरी शुल्क
दिल्ली में पानी का बिल नहीं जमा कराने पर 5 फीसदी का चक्रवृद्धि ब्याज लगता है। ऐसे में अगर किसी शख्स ने 100 रुपये का बिल नहीं जमा कराया है तो एक वर्ष में ही यह राशि बढ़कर 178 रुपये हो जाती है। दिल्ली सरकार ने ब्याज की दर को 5 फीसदी से घटाकर दो फीसदी कर दिया है। इसे लेकर अधिसूचना भी जारी हो गई है। इससे अब दो फीसदी ब्याज लगने पर 100 रुपये एक वर्ष में 130 रुपये हो जाएंगे।





