उत्तम नगर होली हिंसा: मृतक तरुण के परिवार को मिलेगी पुलिस सुरक्षा, HC ने दिया आदेश
दिल्ली हाई कोर्ट ने 27 साल के तरुण बुटोलिया के परिवार वालों को पुलिस सुरक्षा देने का आदेश दिया है। तरुण की इस साल उत्तम नगर में होली के जश्न के दौरान दो समुदायों के बीच हुई एक हिंसक झड़प में मौत हो गई थी।

दिल्ली हाई कोर्ट ने 27 साल के तरुण बुटोलिया के परिवार वालों को पुलिस सुरक्षा देने का आदेश दिया है। तरुण की इस साल उत्तम नगर में होली के जश्न के दौरान दो समुदायों के बीच हुई एक हिंसक झड़प में मौत हो गई थी। पुलिस के मुताबिक यह हिंसा तब शुरू हुई जब होली के जश्न के दौरान तरुण के परिवार की एक लड़की द्वारा फेंके गए पानी के गुब्बारे का पानी पड़ोस के दूसरे समुदाय के परिवार की महिला पर गिर गया था।
परिवार की याचिका पर सुनवाई
जस्टिस गिरीश कथपालिया की पीठ ने अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त से कहा है कि वह संबंधित थानाध्यक्ष को निर्देश दें कि वे अपना निजी मोबाइल नंबर परिवार को दें, ताकि मुश्किल के समय वे उनसे संपर्क कर सकें। पीठ परिवार की उस याचिका पर सुनवाई कर रहा है, जिसमें उन्होंने अपनी जान व आजादी को गंभीर खतरा बताते हुए पर्याप्त पुलिस सुरक्षा की मांग की थी। उन्होंने यह भी मांग की कि इस घटना से जुड़े कथित तौर पर धमकी भरे भड़काऊ व सांप्रदायिक रूप से उकसाने वाले वीडियो सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटाए जाएं।
पुलिस ने पीठ को क्या बताया
पुलिस ने पीठ को बताया कि स्थानीय पुलिस पहले से ही सक्रिय है। परिवार को हर संभव सुरक्षा सुनिश्चित करेगी। अतिरक्त पुलिस उपायुक्त द्वारका ने बताया कि परिवार के घर वाली गली में और आसपास के ब्लॉक में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए पुलिस पिकेट भी लगाए गए।
भड़काऊ वीडिया हटाए
अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त ने पीठ को यह भी बताया कि उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से 250 से ज्यादा भड़काऊ वीडियो और सामग्री पहले ही हटा दी है। पीठ ने परिवार वालों को निर्देश दिया कि अगर कोई वीडियो या सामग्री है तो उसकी खास जानकारी स्थानीय थानाध्यक्ष को दें। थानाध्यक्ष को निर्देश दिया गया कि वे कानून के मुताबिक तुरंत उचित कार्रवाई करें।
हिंसक झड़प में हुई थी मौत
पीठ ने कहा कि ऊपर दिए गए निर्देशों को देखते हुए याचिकाकर्ताओं के वकील ने निर्देशों के आधार पर बताया कि वह इस याचिका के संबंध में संतुष्ट हैं, इसलिए याचिका का निपटारा कर दिया जाए। ज्ञात रहे कि 4 मार्च को जेजे कॉलोनी में तरुण नाम के 27 साल के एक युवक की उसके परिवार व पड़ोसियों के बीच हुई झड़प में मौत हो गई थी। दिल्ली पुलिस के मुताबिक यह हिंसा तब शुरू हुई जब होली के जश्न के दौरान तरुण के परिवार की एक लड़की द्वारा फेंके गए पानी के गुब्बारे का पानी पड़ोस के दूसरे समुदाय के परिवार की महिला पर गिर गया था।
लेखक के बारे में
Subodh Kumar Mishraसुबोध कुमार मिश्रा पिछले 19 साल से हिंदी पत्रकारिता में योगदान दे रहे हैं। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' में स्टेट डेस्क पर बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। दूरदर्शन के 'डीडी न्यूज' से इंटर्नशिप करने वाले सुबोध ने पत्रकारिता की विधिवत शुरुआत 2007 में दैनिक जागरण अखबार से की। दैनिक जागरण के जम्मू एडीशन में बतौर ट्रेनी प्रवेश किया और सब एडिटर तक का पांच साल का सफर पूरा किया। इस दौरान जम्मू-कश्मीर को बहुत ही करीब से देखने और समझने का मौका मिला। दैनिक जागरण से आगे के सफर में कई अखबारों में काम किया। इनमें दिल्ली-एनसीआर से प्रकाशित होने वाली नेशनल दुनिया, नवोदय टाइम्स (पंजाब केसरी ग्रुप), अमर उजाला और हिन्दुस्तान जैसे हिंदी अखबार शामिल हैं। अखबारों के इस लंबे सफर में खबरों को पेश करने के तरीकों से पड़ने वाले प्रभावों को काफी बारीकी से समझने का मौका मिला।
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