काम की बात: घर पर EV चार्जिंग के लिए परमिशन नहीं, किन कामों के लिए मंजूरी; DDA के नए नियम जान लीजिए

स्नेहिल सिन्हा, नई दिल्ली, हिन्दुस्तान टाइम्स
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डीडीए ने मकानों में बदलाव से जुड़े नियमों में कुछ अहम बदलाव किए हैं। इसके तहत घर पर ईवी चार्जिंग पॉइंट के लिए अब परमिशन की जरूरत नहीं होगी। हालांकि कुछ कामों के लिए मंजूरी जरूरी है।

घर पर EV चार्जिंग के लिए परमिशन नहीं, किन कामों के लिए मंजूरी; DDA के नए नियम जान लीजिए

दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने मकानों में छोटे-छोटे बदलाव से जुड़े नियम आसान कर दिए हैं। नई नीति 1 जुलाई से लागू हो गई है। अब कई काम बिना अनुमति के किए जा सकेंगे, जबकि कुछ कामों के लिए पहले मंजूरी लेना जरूरी होगा। घर पर ईवी चार्जिंग, दिव्यांगों के लिए रैंप बनाना समेत कई चीजों के लिए परमिशन अब जरूरी नहीं। वहीं, स्ट्रक्चरल, सर्विस लाइन में बदलाव और अतिरिक्त निर्माण कार्यों के लिए डीडीए की मंजूरी आवश्यक होगी।

डीडीए ने अपने फ्लैटों में निर्माण और बदलाव से जुड़े नियमों में बड़ा बदलाव किया है। नई नीति के तहत अब कम ऊंचाई वाले आवासीय ब्लॉकों के ऊपरी मंजिल के फ्लैट मालिक कुछ शर्तों के साथ निर्माण करा सकेंगे। यह डीडीए की वर्ष 2007 के बाद पहली बड़ी हाउसिंग पॉलिसी संशोधन है। यह संशोधित नीति आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय की मंजूरी के बाद लागू की गई है।

तीन श्रेणियों में नई व्यवस्था

नई नीति में निर्माण और बदलाव को तीन श्रेणियों में बांटा गया है। पहली श्रेणी में ऐसे छोटे बदलाव हैं, जिन्हें बिना किसी अनुमति के किया जा सकेगा। दूसरी श्रेणी में उन कार्यों को रखा गया है, जिनके लिए पहले अनुमति लेना जरूरी होगा। वहीं, तीसरी श्रेणी में अतिरिक्त निर्माण कार्य हैं, जिसे केवल पूर्व मंजूरी मिलने के बाद ही किया जा सकेगा।

बिना अनुमति कर सकेंगे ये काम

नई नीति के अनुसार, घर की पार्किंग में नियमों के अनुसार ईवी चार्जिंग पॉइंट लगा सकेंगे। घर के बाहर दिव्यांगों के लिए रैंप बना सकेंगे। घर के आगे और पीछे की दीवार को 7 फीट तक ग्रिल या फेंसिंग के साथ ऊंचा करना। 2.5 फीट तक सनशेड के अलावा बालकनी या छत की पैरापेट को 5 फीट तक ग्रिल या ग्लास से ऊंचा करने के लिए मंजूरी की जरूरत नहीं पड़ेगी।

इन कामों के लिए मंजूरी जरूरी

हालांकि नए नियमों के तहत घर में स्ट्रक्चरल-सर्विस लाइन में बदलाव, घर पर अतिरिक्त निर्माण करने के लिए मंजूरी जरूरी होगी। वहीं, स्वीकृत नक्शे के अनुसार खुली छत को अस्थायी ढलानदार छत से कवर करना, रसोई, बाथरूम और टॉयलेट की जगह बदलना, सीढ़ियों को छत तक बढ़ाने के लिए भी परमिशन लेनी होगी।

कैसे मिलेगी मंजूरी

अगर आपको डीडीए नियमों के तहत मंजूरी की आवश्यकता है तो इसका प्रोसेस बेहद आसान है। आपको डीडीए या एमसीडी की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन के साथ दस्तावेज और शुल्क जमा करने होंगे। नक्शे को पंजीकृत आर्किटेक्ट से प्रमाणित कराना होगा। आपके आवेदन और फीस जमा करने के बाद संबंधित विभाग को 30 दिन के भीतर फैसला लेना होगा। अगर आपकी तरफ से दस्तावेजों में कोई कमी बताई जाती है तो उसे अगले 30 दिन में पूरा करना अनिवार्य है।

Gaurav Kala

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गौरव काला: वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम सदस्य

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