पुलिस ने रास्ते उठाया, आंखों पर पट्टी बांध मसूरी ले जाकर छोड़ा; CJP प्रोटेस्ट वॉलंटियर का दावा
जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के विरोध प्रदर्शन में हिस्सा लेने वाले एक वॉलंटियर का आरोप है कि पुलिस उसे रास्ते से उठाकर मसूरी ले गई और वहीं छोड़ दिया। उसने यूपी पुलिस पर भी परिवार और रिश्तेदारों को परेशान करने के आरोप लगाए।

दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की अगुवाई में हुए छात्रों के विरोध-प्रदर्शन में लोगों को खाना बांटने वाले एक वॉलंटियर मोहम्मद जुनैद ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका आरोप है कि शुक्रवार रात पुलिस ने उसे उठाया और पूछताछ के बाद उसकी आंखों पर पट्टी बांधकर उसे मसूरी ले गई।
द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, जुनैद ने दावा किया कि पूरी रात उसकी आंखों पर पट्टी बांधकर रखी गई। अगले दिन एक अफसर ने उससे पूछा कि उसे फंडिंग कहां से मिली और उसने इतना सारा खाना कैसे बांटा। इसके बाद पुलिस उसे मसूरी ले गई और वहां छोड़ दिया। जुनैद ने दावा किया कि शनिवार को वह कैब से दिल्ली वापस लौटा।
जुनैद ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो में बताया कि वह कुत्ते के काटने का इलाज कराने के बाद आरएमएल अस्पताल से लौट रहा था, तभी उसे और उसके एक दोस्त को कुछ लोगों ने खुद को दिल्ली पुलिस का कर्मचारी बताते हुए रोक लिया।
पूछताछ में जुनैद ने कहा कि वॉलंटियर्स को खाना और पानी डोनेशन और समर्थकों की तरफ से की गई डिलीवरी के जरिए मिलता था। उसने कहा कि छात्रों के विरोध-प्रदर्शन से जुड़ी कानूनी टीम ने जानकारी लेने के लिए उनसे संपर्क किया था। पुलिस ने कहा कि वे उसके आरोपों की जांच कर रहे हैं।
परिजनों-रिश्तेदारों को भी परेशान करने का दावा
भाषा की रिपोर्ट के अनुसार, गाजियाबाद के मसूरी थाना क्षेत्र के नाहल गांव के रहने वाले जुनैद ने यह भी दावा किया यूपी पुलिस ने भी विरोध प्रदर्शन में उसकी भूमिका के चलते उसके परिवार के सदस्यों को हिरासत में लिया और मेरठ में उसके रिश्तेदारों को परेशान किया गया। जुनैद ने शुक्रवार को जंतर-मंतर पर मीडियाकर्मियों को बताया कि मसूरी थाना पुलिस उसके घर से पिता को उठाकर ले गई और घर की तलाशी के दौरान परिवार के सदस्यों की बैंक पासबुक और पैन कार्ड जब्त कर लिए।
जुनैद की बहन ने मीडियाकर्मियों को बताया कि पुलिस ने उसके पिता से जुनैद को फोन करने और घर लौटने के लिए कहने को कहा। जुनैद ने यह भी आरोप लगाया कि पड़ोसी जिले मेरठ में भी उसके रिश्तेदारों को पुलिस ने परेशान किया गया। हालांकि, मेरठ पुलिस ने जुनैद के परिवार के खिलाफ कोई भी कार्रवाई किए जाने से इनकार किया है। एसएसपी अविनाश पांडे ने शनिवार को कहा कि ऐसा कोई मामला मेरे संज्ञान में नहीं आया है।
वहीं, सोशल मीडिया पोस्ट में यह भी दावा किया गया कि जुनैद के पिता और एक नाबालिग भाई को हिरासत में लिया गया और मेरठ में उसकी बहन के ससुर और बहनोई को भी हिरासत में लिया गया।


