कौन है अरुण चौधरी, जिसने राम मंदिर पर हमले की साजिश वाले अब्दुल को मार डाला
हरियाणा की नीमका जेल के सुरक्षा वार्ड में बंद कैदी संदिग्ध अब्दुल रहमान की मौत जेल के अंदर ही हो गई थी। उसके बाद उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए बीके अस्पताल भेजा गया था। यह घटना उसी समय हुई, जब तीन कैदी एक ही सेल में बंद थे।

हरियाणा की नीमका जेल में बंद अब्दुल रहमान की सोते वक्त हत्या कर दी गई। राम मंदिर पर हमले की साजिश के आरोप में हैंड ग्रेनेड के साथ पकड़ा गए अब्दुल को जम्मू-कश्मीर के अरुण चौधरी ने मार डाला, जो उसके साथ सेल में बंद था। मामले की जांच के लिए न्यायिक जांच शुरू कर दी गई है।
तिगांव एसीपी अशोक वर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि सुरक्षा वार्ड के एक सेल में अरुण, अब्दुल रहमान और शोएब को रखा गया था। तीनों करीब 20 दिन से एक साथ सेल में रह रहे थे। बताया गया है कि रात के करीब 2 बजे अरुण चौधरी नामक कैदी ने सोते हुए अब्दुल रहमान पर नुकीले पत्थर से अचानक हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
अरुण चौधरी पर हत्या, हमले के कई मुकदमे
एसीपी ने बताया कि हत्या का आरोपी जम्मू कश्मीर का निवासी है। उसके खिलाफ हत्या, जानलेवा हमला और अवैध रूप से घुसने जैसे गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। आरोपी को जम्मू-कश्मीर की जेल से अक्टूबर 2024 में यहां स्थानांतरित किया गया था। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि तीनों कैदियों को एक ही सेल में क्यों रखा गया था और क्या जेल नियमों का पालन किया गया था या नहीं। इस मामले में जेल प्रशासन की भूमिका भी जांच के दायरे में है। यह देखा जाएगा कि सुरक्षा व्यवस्था में कोई लापरवाही तो नहीं हुई।
हत्या की वजह तलाश रही पुलिस
एसीपी ने बताया कि जेल के अंदर किसी भी कैदी की मौत होने पर न्यायिक जांच अनिवार्य होती है। इसी प्रक्रिया के तहत मजिस्ट्रेट स्तर पर जांच शुरू कर दी गई है। इसके अलावा पुलिस भी अपनी तरफ से हर पहलू की जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि आरोपी को जल्द ही प्रोडक्शन वारंट पर लेकर पूछताछ की जाएगी। इसके बाद घटना के पीछे के कारण, आपसी विवाद या किसी साजिश की भी जांच की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगाएगी कि घटना के समय ड्यूटी पर कौन-कौन कर्मचारी तैनात थे।
2025 में पकड़ा गया था अब्दुल रहमान
फिलहाल पुलिस सभी दस्तावेज, सीसीटीवी फुटेज और जेल रिकॉर्ड खंगाल रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि संदिग्ध आतंकी अब्दुल रहमान को मार्च 2025 में गगव पाली के खेतों में बने एक कमरे से गिरफ्तार किया गया था। उससे हैंड ग्रेनेड बरामद किया गया था। अब्दुल फैजाबाद का रहने वाला है। उस पर राम मंदिर में हमले करने की साजिश रचने के आरोप है और तभी से वह नीमका जेल में बंद था।
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Sudhir Jhaसुधीर झा | वरिष्ठ पत्रकार और स्टेट टीम लीड
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