
मेडिकल की पढ़ाई के बहाने दोगुने रेट पर खरीदा था अमोनियम नाइट्रेट, दुकानदार को एडवांस दिए पैसे
दिल्ली में ब्लास्ट में इस्तेमाल हुआ अमोनियम नाइट्रेट को नूंह के जिस दुकानदार ने बेचा था, उसके पास इसे बेचने की जरूरी अनुमति नहीं है। डॉक्टर मुजम्मिल ने मेडिकल छात्रों के प्रयोग से संबंधित काम की बात कह कर अमोनियम नाइट्रेट मांगा था। यह खुलासा मामले की जांच में हुआ है।
दिल्ली में ब्लास्ट में इस्तेमाल हुआ अमोनियम नाइट्रेट को नूंह के जिस दुकानदार ने बेचा था, उसके पास इसे बेचने की जरूरी अनुमति नहीं है। डॉक्टर मुजम्मिल ने मेडिकल छात्रों के प्रयोग से संबंधित काम की बात कह कर अमोनियम नाइट्रेट मांगा था। यह खुलासा मामले की जांच में हुआ है।
सूत्रों ने बताया कि जांच एजेंसियां हिरासत में लिए गए आरोपी दुकानदार से गहन पूछताछ कर रही हैं। दुकानदार ने मुजम्मिल से अमोनियम नाइट्रेट उपलब्ध कराने के एवज में दोगुनी रेट वसूल किए थे। सुरक्षा एजेंसियां अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि अमोनियम नाइट्रेट खरीदने के लिए डॉक्टर मुजम्मिल शकील के अलावा कौन-कौन और कब-कब गया था।
ज्ञात हो कि पुलिस की जांच में सामने आ चुका है कि आतंकियों ने लाल किला पर ब्लास्ट के लिए अमोनियम नाइट्रेट नूंह जिले के पिनगवां इलाके से खरीदा था। यहां स्थित एक खाद-बीज की दुकान पर अमोनियम नाइट्रेट मौजूद था। इस दुकान के मालिक ने अमोनियम नाइट्रेट बेचने के लिए जरूरी परमिशन भी नहीं ली हुई थी।
आतंकियों के साथी डॉक्टर मुजम्मिल शकील को यह बात अपने एक सहयोगी से पता चली थी। इसके बाद डॉक्टर मुजम्मिल शकील पिनगवां पहुंचा और वहां दुकानदार डब्बू से संपर्क किया।
दोगुने दाम पर बेचा अमोनियम नाइट्रेट
सूत्रों ने बताया कि डॉक्टर मुजम्मिल ने डब्बू को बताया कि अल-फलाह यूनिवर्सिटी में मेडिकल छात्रों के प्रयोग से संबंधित काम करने के लिए अमोनियम नाइट्रेट की जरूरत है। उसे बड़ी मात्रा में अमोनियम नाइट्रेट चाहिए और वह इसके लिए कोई भी दाम चुकाने को तैयार है। दुकानदार ने उसे अमोनियम नाइट्रेट उपलब्ध कराने की बात कही, लेकिन इसके एवज में दोगुनी रकम की मांग की। डॉक्टर मुजम्मिल शकील ने उसे एडवांस पैसे दिए और अमोनियम नाइट्रेट की बुकिंग की थी।
आठ छात्रों पर नजर : सूत्रों ने बताया कि दिल्ली पुलिस ने विश्वविद्यालय के 65 छात्रों से अब तक पूछताछ की हैं। इसमें से 8 छात्र पुलिस के रडार पर हैं। ये छात्र डॉक्टर उमर और उसके सहयोगियों के सम्पर्क में थे। अब पुलिस इन छात्रों और इनके सम्पर्क में आए लोगों पर नजर रखे हुए हैं। पुलिस इन सभी 8 छात्रों से दोबारा पूछताछ करने की तैयारी में हैं।
सज्जाद को कई कमेटियों में सदस्य बनवाया
फरीदाबाद के धौज गांव के अल-फलाह यूनिवर्सिटी के चार आतंकी डॉक्टरों के तार दिल्ली के लाल किला ब्लास्ट से जुड़े हैं। डॉ. शाहीन 2021 में यहां बतौर प्रोफेसर आई थी। उसे प्रबंधन ने विजिलेंस कमेटी में अहम पद दिया था। डॉ. शाहीन ने ही 2022 में पुलवामा के डॉक्टर मुजम्मिल गनी, उमर नबी और डॉ. सज्जाद अहमद को नौकरी दिलाई थी। नौकरी दिलाने के बाद डॉ. शाहीन ने सज्जाद को कई कमेटियों में सदस्य बनवाया।





